
चेन्नई में पिछले कई दिनों से चल रही राजनीतिक हलचल बुधवार को विधानसभा के अंदर साफ (Vijay Government) दिखाई दी। सुबह से ही विधानसभा परिसर के बाहर नेताओं और समर्थकों की आवाजाही बढ़ी हुई थी। हर किसी की नजर सिर्फ एक बात पर टिकी थी कि आखिर मुख्यमंत्री विजय सदन में अपना बहुमत साबित कर पाएंगे या नहीं। माहौल इतना गर्म था कि राजनीतिक गलियारों में लगातार जोड़तोड़ और समर्थन के आंकड़ों की चर्चा चलती रही।
सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले ही अलग अलग दलों के नेताओं के बीच बैठकों का दौर चलता रहा। विपक्षी खेमे की रणनीति को लेकर भी खूब अटकलें लगती रहीं। जैसे ही मतदान की प्रक्रिया पूरी हुई, विधानसभा के भीतर और बाहर मौजूद समर्थकों के चेहरे पर अलग अलग भाव नजर आने लगे।
144 विधायकों ने किया समर्थन : Vijay Government
मुख्यमंत्री विजय ने विधानसभा में विश्वास मत हासिल कर लिया। फ्लोर टेस्ट में उनकी सरकार के पक्ष में कुल 144 वोट पड़े। यह आंकड़ा बहुमत से काफी ऊपर रहा। वहीं सरकार के विरोध में 22 विधायकों ने मतदान किया जबकि 5 सदस्य वोटिंग में शामिल नहीं हुए।
डीएमके ने किया वॉक आउट
विश्वास मत से पहले विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने सदन में अपनी बात रखी। उन्होंने साफ कहा कि उनकी पार्टी सरकार का समर्थन नहीं करेगी। भाषण खत्म होने के बाद डीएमके के सदस्य विधानसभा से बाहर चले गए।
उदयनिधि स्टालिन ने मुख्यमंत्री विजय पर बागी विधायकों से मुलाकात को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जनता यह पूछ रही है कि यह बदलाव की राजनीति है या फिर किसी तरह का लेनदेन।
विजय ने आरोपों का दिया जवाब (Vijay Government)
चर्चा के बाद मुख्यमंत्री विजय ने सदन में विपक्ष के आरोपों का जवाब दिया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार धर्मनिरपेक्ष सोच के साथ काम करेगी और जनता से किए गए वादों को पूरा करेगी।
खरीद फरोख्त के आरोपों पर पलटवार करते हुए विजय ने कहा कि उनकी सरकार तेजी से काम करेगी, लेकिन किसी तरह की खरीद फरोख्त की राजनीति में शामिल नहीं होगी।
पुरानी योजनाएं जारी रखने का भरोसा
मुख्यमंत्री विजय ने यह भी कहा कि पिछली सरकार की जो योजनाएं जनता के हित में हैं, उन्हें बंद नहीं किया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि लोगों को मिलने वाली सुविधाएं पहले की तरह जारी रहेंगी और विकास कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा।
लंबे सियासी तनाव पर लगा विराम
पिछले कई दिनों से तमिलनाडु की राजनीति में लगातार उठापटक का दौर चल (Vijay Government) रहा था। ऐसे में विश्वास मत के नतीजे के बाद फिलहाल विजय सरकार को बड़ी राहत मिली है। अब आगे सरकार किस तरह काम करती है, इस पर पूरे राज्य की नजर बनी हुई है।



