संपादकीय: दूसरे चरण का मतदान बड़ी चुनौती

Editorial: बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण का मतदान तो छिट पुट घटनाओं को छेाड़कर शांतिपूर्ण रहा किन्तु 29 अपैल को जिन 142 सीटों पर दूसरे चरण मतदान होना है उसे शंांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराना चुनाव आयोग और वहां तैनात सुरक्षाबलों के बड़ी चुनौती होगी। दूसरे चरण के मतदान के लिए चुनाव प्रचार पर विराम लग गया है। अब प्रत्याशी और उनके समर्थक घर घर जाकर ही दस्तक दे पाएंगे।
यही वह समय है जब वहां अतिरिक्त सुरक्षा की जरूरत होगी। सत्तारूढ़ टीएमसी के कार्यकर्ता लगातार मतदाताओं को डरा धमका रहे हैं। एक टीएमसी समर्थक के घर के पास तो सुरक्षाबलों ने 100 से ज्यादा बम बरामद किये हैं। जिसकी एनआईए से जांच कराई जा रही है। यदि इन बमों की बरामदगी नहीं होती तो जाहिर है दूसरे चरण के मतदान के पूर्व या दौरान इन बमों के जरिए किसी गंभीर घटना को अंजाम दिया जा सकता था।
इस बीच बंगाल के बैरनपूर में चुनाव प्रचार के आखरी दिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की जनसभा होने के पूर्व टीएमसी समर्थकों ने भाजपा के पूर्व सांसद अर्जुन सिंह पर हमला कर दिया। नतीजतन वहां टीएमसी और भाजपा समर्थकों के बीच जमकर बवाल हुआ। पत्थरबाजी की भी घटना हुई और मौके पर मौजूद बंगाल पुलिस मुकदर्शक बनकर तमाशा देखती रही। इस बीच बंगाल की जिस भवानीपुर विधानसभा सीट से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी चुनाव लड़ रही हैं वहां भी भाजपा और टीएमसी के नेता आपमे सामने आ गये थे।
वहां ममता बनर्जी भी चुनावी सभा ले रही थी जिसमें मात्र डेढ़ दो सौ लोग उपस्थित थे। जबकि वहां से कुछ ही दूरी पर शुभेंदू अधिकारी की चुनावी सभा में हजारों की भीड़ जुटी थी। इससे नाराज होकर ममता बनर्जी चुनावी सभ को संबोधित किये बगैर मंच छोड़कर चली गई और उसके बाद टीएमसाी समर्थकों ने भाजपा की चुनावी सभा में जाकर उत्पाद मचाया था। इन तमाम घटनाओं को मद्देनजर रखकर बंगाल में दूसरे चरण का मतदान शांतिपूर्वक कराना निश्चित रूप से चुनाव आयोग के लिए बड़ी चुनौती सिद्ध होगी।



