ईरान में होने वाले एक महत्वपूर्ण राजकीय कार्यक्रम को लेकर भारत की भागीदारी पर चर्चा तेज (Khamenei Funeral) हो गई है। अंतिम संस्कार समारोह में भारत की ओर से कौन शामिल होगा, इसे लेकर लंबे समय से अटकलें चल रही थीं। अब इस संबंध में तस्वीर काफी हद तक साफ होती नजर आ रही है।
भारत सरकार ने इस कार्यक्रम के लिए अपने प्रतिनिधियों का चयन कर लिया है। प्रधानमंत्री के स्वयं शामिल न होने के निर्णय के बाद दो वरिष्ठ प्रतिनिधियों को ईरान भेजे जाने की तैयारी है।
दो प्रतिनिधि होंगे शामिल Khamenei Funeral
बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन और विदेश राज्य मंत्री पवित्रा मार्गेरिटा भारत सरकार की ओर से ईरान में आयोजित अंतिम संस्कार कार्यक्रम में शामिल होंगे। ईरानी सूत्रों के अनुसार दोनों प्रतिनिधि भारत का आधिकारिक पक्ष प्रस्तुत करेंगे।
प्रधानमंत्री को भेजा गया था निमंत्रण
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को अंतिम संस्कार कार्यक्रम में शामिल होने का निमंत्रण भेजा था। हालांकि प्रधानमंत्री स्वयं इसमें शामिल नहीं होंगे और उनकी ओर से दो प्रतिनिधियों को भेजने का निर्णय लिया गया है।
कई शहरों में होंगे कार्यक्रम
जानकारी के अनुसार अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यक्रम तेहरान, कोम और मशहद में अलग अलग चरणों में आयोजित (Khamenei Funeral) किए जाएंगे। इन आयोजनों में विभिन्न देशों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।
पहले भी शामिल हो चुके हैं शोक सभा में
विदेश राज्य मंत्री पवित्रा मार्गेरिटा इससे पहले भी ईरानी दूतावास की ओर से आयोजित एक शोक सभा में शामिल हो चुके हैं। अब उन्हें एक बार फिर भारत की ओर से प्रतिनिधि के रूप में जिम्मेदारी सौंपी गई है।
