छत्तीसगढ़

Compost : वर्मी व सुपर कम्पोस्ट के सकारात्मक परिणाम के बाद अब गोमूत्र पर कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश

रायपुर/नवप्रदेश। Compost : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ में कृषि के क्षेत्र में गोमूत्र के वैज्ञानिक एवं व्यवस्थित उपयोग की कार्य योजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

वर्मी व सुपर कम्पोस्ट के सकारात्मक परिणाम

मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव को राज्य के कृषि वैज्ञानिकों, रासायनिक उर्वरकों एवं कीटनाशकों के स्थान पर गोमूत्र का प्रयोग करने वाले किसानों तथा कामधेनु विश्वविद्यालय (Compost) के विशेषज्ञों से चर्चा कर कृषि में गोमूत्र के वैज्ञानिक उपयोग की संभावनाओं के संबंध में कार्ययोजना तैयार करने को कहा है

मुख्यमंत्री ने कहा है कि रासायनिक खादों एवं विषैले कीटनाशकों के निरंतर प्रयोग से मिट्टी की उर्वरा शक्ति निरंतर कम होती जा रही है। खेती में रसायनों के अत्यधिक उपयोग से जनसामान्य के स्वास्थ्य पर भी विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। राज्य के गौठानों में निर्मित वर्मी कम्पोस्ट एवं सुपर कम्पोस्ट का उपयोग आरंभ करने के सकारात्मक परिणाम सामने आये हैं और छत्तीसगढ़ ऑर्गेनिक एवं रिजनरेटिव खेती की ओर आगे बढ़ रहा है।

देश में किए गए शोधों को भी संकलित करने की जरूरत

इसी तरह कृषि में जहरीले रसायनों के उपयोग के विकल्प के रूप में ‘गोमूत्र’ के उपयोग (Compost) की अपार संभावनायें हैं। राज्य के ही कुछ स्थानों में गोमूत्र के सफलतापूर्वक उपयोग के उदाहरण मौजूद है। मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि आवश्यकता इस बात की है कि गोमूत्र के उपयोग को बड़े पैमाने पर बढ़ावा देने के पूर्व इस दिशा में अब तक देश में हुए शोध का संकलन भी किया जाना चाहिए।

Related Articles

Back to top button