Vidhansabha Session 2026 : सदन के पटल पर रखे जाएंगे कई महत्वपूर्ण वार्षिक प्रतिवेदन, सीएम साय और कैबिनेट मंत्री सौंपेंगे रिपोर्ट

छत्तीसगढ़ विधानसभा के फरवरी-मार्च 2026 सत्र की कार्यवाही सोमवार, 9 मार्च को सुबह 11:00 बजे से शुरू होगी। आज की दैनिक कार्य सूची (List of Business) के अनुसार, सदन की कार्यवाही प्रश्नोत्तर काल के साथ प्रारंभ होगी। इसके पश्चात मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और उनके मंत्रिमंडल के सदस्य विभिन्न विभागों के महत्वपूर्ण वार्षिक प्रतिवेदन और ऑडिट रिपोर्ट सदन के पटल पर प्रस्तुत करेंगे।
सीएम साय और मंत्री सौंपेंगे अहम दस्तावेज
विधानसभा में आज मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय Chhattisgarh Vidhansabha Session 2026 (छत्तीसगढ़ विधानसभा सत्र 2026) के दौरान छत्तीसगढ़ लोक सेवा (SC, ST और OBC के लिए आरक्षण) अधिनियम, 1994 के अंतर्गत वर्ष 2025 का 25वां वार्षिक प्रतिवेदन पटल पर रखेंगे। यह रिपोर्ट राज्य में आरक्षण नीति के क्रियान्वयन और उसके प्रभावों को समझने के नजरिए से काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
सहकारिता और आदिम जाति विकास विभाग की रिपोर्ट
सहकारिता मंत्री केदार कश्यप द्वारा आज सदन में छत्तीसगढ़ सहकारी सोसाइटी अधिनियम के तहत कई महत्वपूर्ण संस्थाओं के अंकेक्षण (Audit) प्रतिवेदन प्रस्तुत किए जाएंगे। इनमें Chhattisgarh Vidhansabha Session 2026 (छत्तीसगढ़ विधानसभा सत्र 2026) के तहत राज्य लघु वनोपज संघ, सहकारी मत्स्य महासंघ, राज्य सहकारी संघ और सहकारी विपणन संघ (मार्कफेड) के वर्ष 2024-25 के ऑडिट रिपोर्ट और वित्तीय पत्रक शामिल हैं।
वहीं, आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम छत्तीसगढ़ राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग का 20वां वार्षिक प्रतिवेदन पटल पर रखेंगे। यह प्रतिवेदन 1 अप्रैल 2024 से 31 मार्च 2025 तक की अवधि के कार्यों का विवरण पेश करेगा।
खाद्य विभाग और वेयरहाउसिंग का लेखा-जोखा
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री दयालदास बघेल आज वेयरहाउसिंग कार्पोरेशन अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार छत्तीसगढ़ स्टेट वेयरहाउसिंग कार्पोरेशन का 22वां वार्षिक प्रतिवेदन और वर्ष 2023-24 का हिसाब पत्रक Chhattisgarh Vidhansabha Session 2026 (छत्तीसगढ़ विधानसभा सत्र 2026) के दौरान सदन के समक्ष रखेंगे।
विधानसभा की इस कार्य सूची से स्पष्ट है कि आज का सत्र प्रशासनिक पारदर्शिता और विभागों की जवाबदेही तय करने के दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण रहने वाला है। सदन के पटल पर रखे जाने वाले इन दस्तावेजों पर आने वाले दिनों में चर्चा होने की भी संभावना है।



