
पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक बयानबाजी (West Bengal Politics) तेज हो गई है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे घुसपैठियों के समर्थन में कोलकाता के एस्प्लेनेड इलाके में धरने पर बैठी हैं और अल्पसंख्यक वोट बैंक की राजनीति कर रही हैं।
गिरिराज सिंह ने कहा कि ममता बनर्जी को केवल उन घुसपैठियों की चिंता है जो उनके वोट बैंक का हिस्सा हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले चुनाव में भी इन्हीं लोगों के समर्थन से तृणमूल कांग्रेस सत्ता में आई थी, लेकिन इस बार ऐसा नहीं होगा। उन्होंने कहा कि आने वाले विधानसभा चुनाव के बाद राज्य में तृणमूल कांग्रेस की सरकार सत्ता से बाहर हो जाएगी।
केंद्रीय मंत्री ने राज्य के कुछ सरकारी अधिकारियों और तृणमूल कांग्रेस से जुड़े लोगों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि वे अपना रवैया सुधार लें, नहीं तो उन्हें इसके परिणाम भुगतने (West Bengal Politics) पड़ेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार द्वारा राज्य को दिए गए 15 लाख करोड़ रुपये के अनुदान का दुरुपयोग हुआ है और कई तृणमूल नेताओं ने इससे आलीशान संपत्तियां बना ली हैं।
गिरिराज सिंह ने यह भी दावा किया कि राज्य की औद्योगिक विकास दर पहले 25 प्रतिशत थी, जो अब घटकर लगभग 3 प्रतिशत रह गई है। उन्होंने कहा कि पिछले वर्षों में बढ़ते कर्ज के कारण राज्य में जन्म लेने वाले बच्चों पर लगभग 80 हजार करोड़ रुपये का आर्थिक बोझ पड़ गया है।
उन्होंने वामपंथी दलों और तृणमूल कांग्रेस दोनों पर राज्य में गुंडागर्दी को बढ़ावा देने का आरोप लगाया और कहा कि भाजपा ऐसी किसी भी राजनीति का मजबूती से जवाब देगी।
इस दौरान गिरिराज सिंह ने पश्चिम मेदिनीपुर जिले के नारायणगढ़ में भाजपा की परिवर्तन यात्रा को हरी झंडी दिखाकर (West Bengal Politics) रवाना किया। यह यात्रा विधानसभा चुनाव से पहले जनसंपर्क अभियान के तहत एक से 10 मार्च तक पूरे पश्चिम बंगाल में निकाली जा रही नौ यात्राओं में से एक है।



