छत्तीसगढ़

Smart-PDS Chhattisgarh : नए साल में लागू होगा स्मार्ट-पीडीएस, किसी भी दुकान से मिलेगा राशन

राज्य में सार्वजनिक वितरण प्रणाली को पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी (Smart-PDS Chhattisgarh) बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए स्मार्ट-पीडीएस लागू करने की तैयारी अंतिम चरण में पहुंच गई है।

https://youtu.be/Me1h37lIppk

खाद्य एवं राजस्व विभाग की सचिव रीना बाबासाहेब कंगाले ने बुधवार को नवा रायपुर स्थित संवाद कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में बताया कि स्मार्ट-पीडीएस अगले वर्ष से पूर्ण रूप से लागू हो जाएगा, जिसके बाद राशन कार्डधारी किसी भी उचित मूल्य दुकान से राशन सामग्री प्राप्त कर सकेंगे।

सचिव ने बताया कि प्रदेश की 6,585 उचित मूल्य दुकानों में से कई दुकानों के पास अपना दुकान-सह-भंडारण भवन नहीं है, इसलिए नए भवन निर्माण के लिए बजट स्वीकृत कर दिया गया है। सभी ऑफलाइन दुकानों को चरणबद्ध तरीके से ऑनलाइन जोड़ा जा रहा है।

बस्तर संभाग के बीजापुर, नारायणपुर, दंतेवाड़ा, सुकमा और कांकेर जिले के 402 दूरस्थ ग्रामों के 42,220 परिवारों को चावल, चना, नमक, शक्कर और गुड़ निःशुल्क दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत 38 लाख महिलाओं को निःशुल्क गैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं, और वर्ष 2025 में नए कनेक्शन जारी करने की प्रक्रिया जारी है।

स्मार्ट-पीडीएस से पूरी व्यवस्था होगी ऑनलाइन

सचिव ने बताया कि (Ration Supply Chain Online System) स्मार्ट-पीडीएस लागू होने के बाद राशनकार्ड प्रबंधन, सप्लाई चेन, स्टॉक प्रबंधन और वितरण प्रणाली पूरी तरह डिजिटल होगी। लाल, पीले और हरे अलर्ट सिस्टम से शिकायतों की निगरानी और वाहनों की रियल-टाइम ट्रैकिंग भी की जाएगी। पीडीएस में इस वर्ष 11 लाख नए परिवार शामिल हुए हैं, जिससे 82 लाख सदस्य लाभान्वित हो रहे हैं।

https://youtu.be/H654eA-QJ6c

52,908 मामले अभी लंबित

राजस्व सेवाओं पर सचिव ने बताया कि नामांतरण, विभाजन और सीमांकन से जुड़े 52,908 प्रकरण अभी लंबित हैं। दुर्ग संभाग में 7,438, सरगुजा में 5,000 और बिलासपुर में 2,000 न्यायालयीन मामले लंबित हैं। ई-राजस्व प्रणाली से अनावश्यक पेशियों में कमी आई है और लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा की जा रही है।

धान खरीदी—25.49 लाख किसानों से खरीदा गया धान

अब तक 25 लाख 49 हजार किसानों से धान खरीदा जा चुका है। सरकार ने धान खरीदी सीमा 15 क्विंटल से बढ़ाकर 21 क्विंटल कर किसानों को राहत दी है। इस साल 26 लाख 49 हजार किसान इस वर्ष पंजीकृत, अब तक 1,17,500 किसानों से धान खरीदा, 1,150 करोड़ रुपये का भुगतान जारी, पारदर्शिता के लिए 3,000 टोकन जारी किया गया है।

राजस्व व आपदा प्रबंधन विभाग की अन्य उपलब्धियां

खसरा, बी-वन, डिजिटल साइन, नामांतरण, डायवर्सन पूरी तरह ऑनलाइन

15,900 गांवों में 10 लाख लोगों को पट्टा वितरण की तैयारी

भुइया ऐप से भूमि रिकॉर्ड आसानी से उपलब्ध

दो सालों में 321 करोड़ रुपये की आपदा सहायता

“आपदा मित्र” योजना के तहत 3,000 युवाओं का प्रशिक्षण

पीडीएस में अनियमितता पर लगातार कार्रवाई

सचिव कंगाले ने बताया कि सरकार का लक्ष्य अगले तीन वर्षों में पूरी तरह पारदर्शी, जवाबदेह और डिजिटल प्रशासन स्थापित करना है।

Related Articles

Back to top button