Shashikant Dwivedi Appointment : सत्ता के गलियारों में बड़ा फैसला, शशिकांत द्विवेदी को सौंपा गया सबसे ताकतवर बोर्ड
Shashikant Dwivedi Appointment
छत्तीसगढ़ सरकार ने राजनांदगांव के भाजपा नेता शशिकांत द्विवेदी को प्रदेश के सबसे बड़े और सबसे प्रभावशाली बोर्ड की कमान सौंप (Shashikant Dwivedi Appointment) दी है। रजिस्ट्रार सहकारी संस्थाएं द्वारा जारी आदेश में उन्हें छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी विपणन संघ मर्यादित (मार्कफेड) का ओआईसी (Officer In-Charge) नियुक्त किया गया है और बोर्ड की सभी शक्तियां उन्हें प्रदान की गई हैं।
इस नियुक्ति की खास बात यह है कि आदेश सहकारिता विभाग की बजाय सीधे रजिस्ट्रार स्तर से जारी किया गया है, जिससे पद की अहमियत और अधिकारों का अंदाजा लगाया जा सकता है। मार्कफेड का अकेला धान खरीदी कारोबार ही 60 हजार करोड़ रुपये से अधिक का है, वहीं किसानों के लिए खाद और उर्वरक की खरीदी भी इसी संस्था के जरिए होती है।
शशिकांत द्विवेदी इससे पहले भी मार्कफेड के उपाध्यक्ष रह चुके हैं और संगठनात्मक कार्यप्रणाली की गहरी समझ (Shashikant Dwivedi Appointment) रखते हैं। राजनीतिक हलकों में यह भी चर्चा है कि आने वाले समय में उन्हें औपचारिक रूप से मार्कफेड का चेयरमैन नियुक्त किया जा सकता है। इससे पहले राधाकृष्ण गुप्ता को भी इसी तरह ओआईसी बनाया गया था और बाद में वे करीब 17 वर्षों तक मार्कफेड के अध्यक्ष रहे।
अब तक छत्तीसगढ़ के अधिकांश बोर्ड और निगमों में राजनीतिक नियुक्तियां हो चुकी थीं, लेकिन मार्कफेड इस प्रक्रिया से बचा हुआ था। शशिकांत द्विवेदी की नियुक्ति के साथ यह स्थिति भी बदल (Shashikant Dwivedi Appointment) गई है।
जारी आदेश में स्पष्ट उल्लेख है कि बोर्ड की समस्त शक्तियां ओआईसी को प्राप्त होंगी, यानी चेयरमैन, एपीसी, सहकारिता सचिव, खाद्य सचिव और अन्य डायरेक्टरों के अधिकार फिलहाल एक ही व्यक्ति के पास रहेंगे।
राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ निवासी शशिकांत द्विवेदी वर्तमान में भाजपा के सहकारिता प्रकोष्ठ के संयोजक भी हैं। इस नई जिम्मेदारी के साथ उनका कद न सिर्फ सहकारिता जगत में, बल्कि राज्य की राजनीति में भी काफी बढ़ गया है।
