छत्तीसगढ़शहरशिक्षा

1335 स्कूलों में 1 हजार शिक्षकों की कमी, 39 स्कूल एकल शिक्षकीय

स्कूलों में शिक्षकों की कमी, पढ़ाई हो रही प्रभावित

नवप्रदेश संवाददाता
जांजगीर-चाम्पा। छत्तीसगढ़ में शिक्षा के उत्थान को लेकर किये गए तमाम दावों के बाद भी स्कूलों की स्थिति जस की तस बनी हुई है। जांजगीर-चाम्पा (Janjgir- Champa) जिले के तमाम सरकारी स्कूल (Goverment School) इन दिनों शिक्षकों की भारी कमी से जूझ रहा है। प्राथमिक शाला (Primary School) से लेकर प्रॉयमरी स्कूल, हाई स्कूल और हायर सेकेंडरी स्कूलों में शिक्षकों के सैकड़ों पद खाली है। जिसके चलते स्कूली बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। जांजगीर-चाम्पा जिले में 1335 सरकारी स्कूल है जिसमें 1 हजार से ज्यादा शिक्षकों की कमी है इसमें से 39 विद्यालय ऐसे है जहाँ पर महज एक ही शिक्षक पदस्थ हैं।
शिक्षकों की कमी से जूझ रहा जिले का सरकारी स्कूल
जांजगीर-चाम्पा (Janjgir- Champa) जिले में कुल 1335 सरकारी स्कूल है जिसके लिए 7622 शिक्षकों की संख्या का प्रावधान है, लेकिन 6287 शिक्षक ही यहां के सरकारी स्कूलों में पदस्थ हैं प्रधान पाठक से लेकर व्याख्याता, सहायक शिक्षक और प्राचार्य तक के पद खाली हैं। ऐसे में गत सत्र-2019-20 में बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
जिले के 39 स्कूलों में पदस्थ है मात्र 1-1 शिक्षक
जिले के स्कूलों में शिक्षकों की कमी के बीच बीते सत्र-2018-19 में अध्यापन व्यवस्था के तहत अटैच किये गए शिक्षकों को नये सत्र-2019-20 के पहले ही मूल शालाओं में भेज दिया गया है इस वजह से 30 प्रायमरी और 09 मीडिल स्कूल मिलाकर 39 स्कूल एकल शिक्षकीय स्कूल है।
जल्द होगी शिक्षकों की भर्ती
जल्द ही नये शिक्षकों की भर्ती होने वाली है, जिससे आगामी भर्ती में शिक्षकों की कमी पूरी हो जाएगी, इससे छात्र-छात्राओं की पढ़ाई में कोई बाधा नहीं आएगी।
एसके तोमर, जिला शिक्षा अधिकारी, जांजगीर-चाम्पा

Related Articles

Back to top button