Hemant Soren Youth Jharkhand 2050 : 2050 तक समृद्ध, न्यायपूर्ण और टिकाऊ झारखंड का निर्माण हमारा संकल्प : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन
Hemant Soren Youth Jharkhand 2050
नव वर्ष 2026 के अवसर पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड की भावी दिशा और विकास के दीर्घकालिक विजन को स्पष्ट करते हुए कहा कि उनकी सरकार ‘युवा झारखंड (Hemant Soren Youth Jharkhand 2050)’ के संकल्प के साथ वर्ष 2050 तक एक समृद्ध, न्यायपूर्ण और टिकाऊ राज्य के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि यह लक्ष्य केवल आर्थिक प्रगति तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें सामाजिक न्याय, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय समुदायों के सम्मान को केंद्र में रखा गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड का बीते वर्षों का सफर संघर्ष, दृढ़ संकल्प और असीम संभावनाओं से भरा रहा है। इस यात्रा में आदिवासी, मूलवासी, किसान, मजदूर, महिलाएं और युवा वर्ग राज्य की रीढ़ बने हैं। सरकार ने इन सभी वर्गों को साथ लेकर समावेशी विकास की मजबूत नींव रखी है।
‘सोना झारखंड’ के सपने को साकार करने की दिशा में नया वर्ष
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जारी अपने संदेश में कहा कि नव वर्ष का आगमन हमारे वीर पूर्वजों द्वारा देखे गए ‘सोना झारखंड’ के सपने को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने अब तक शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा और जनकल्याण के क्षेत्रों में कई ऐतिहासिक कदम उठाए हैं, जिनका लाभ सीधे आम नागरिकों तक पहुंचा है।
2050 का लक्ष्य : शिक्षा, रोजगार और संसाधनों का संरक्षण
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि ‘युवा झारखंड (Hemant Soren Youth Jharkhand 2050)’ का स्पष्ट लक्ष्य है 2050 तक झारखंड को देश के अग्रणी राज्यों की पंक्ति में खड़ा करना। इसके लिए सरकार शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने, स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, रोजगार व स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने, सामाजिक सुरक्षा को व्यापक बनाने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण पर विशेष ध्यान दे रही है। उन्होंने कहा कि “झारखंड रूपी विशाल वृक्ष” की जड़ों को मजबूत करना ही सरकार की प्राथमिकता है और विकास का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचे, यही उनकी प्रतिबद्धता है।
25 वर्षों का साझा विजन : ‘युवा झारखंड’
मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले 25 वर्षों के लिए एक साझा दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ते हुए झारखंड को आत्मनिर्भर, सशक्त और सम्मानजनक पहचान दिलाई जाएगी। उन्होंने कामना की कि नव वर्ष 2026 राज्यवासियों के जीवन में सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य और समृद्धि लेकर आए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अपने पिता एवं पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन तथा पूर्व शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के राज्य निर्माण में दिए गए योगदान को भी स्मरण किया।
नव वर्ष पर बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
इधर, नव वर्ष के स्वागत के मद्देनज़र राज्य भर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पर्यटन स्थलों, झरनों, झीलों, पहाड़ियों, बांधों, नदी तटों और पार्कों में भारी भीड़ उमड़ रही है। रांची में दशम जलप्रपात, जोन्हा जलप्रपात, हुंडरू जलप्रपात और चिड़ियाघर में बड़ी संख्या में पर्यटकों के पहुंचने की संभावना है।
रांची एसपी पारस राणा ने बताया कि किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सभी थानों को होटल, रेस्तरां, पार्कों तथा विशेष रूप से बांधों और जलाशयों के आसपास सतत निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।
