Guru Khushwant Saheb Event : ‘आरोहण’ सम्मेलन का आगाज़, बैंक ऑडिट को नई दिशा देने रायपुर में जुटे 1500 से ज्यादा सीए

राजधानी Raipur में बैंक ऑडिट के मानकों को बेहतर बनाने के उद्देश्य से दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन “आरोहण” का भव्य (Guru Khushwant Saheb Event) शुभारंभ हुआ। Institute of Chartered Accountants of India की विभिन्न शाखाओं के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कॉन्फ्रेंस में देशभर से 1500 से अधिक चार्टर्ड अकाउंटेंट्स शामिल हुए।
मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने किया उद्घाटन (Guru Khushwant Saheb Event)
कार्यक्रम का शुभारंभ Guru Khushwant Saheb ने किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि इस तरह के सम्मेलन सीए पेशेवरों को नए नियमों, RBI गाइडलाइंस और आधुनिक कार्यप्रणाली से अपडेट रहने का अवसर देते हैं। उन्होंने इसे प्रोफेशनल ग्रोथ के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि ऐसे मंच पर विशेषज्ञों के अनुभव से वास्तविक परिस्थितियों को समझने में मदद मिलती है।
बैंकिंग सिस्टम में मजबूत ऑडिट की जरूरत
विशिष्ट अतिथि Divakar P Singh ने बैंकिंग क्षेत्र में मजबूत ऑडिट प्रणाली की आवश्यकता (Guru Khushwant Saheb Event) पर जोर दिया। उन्होंने बदलते नियमों के साथ पारदर्शिता, जोखिम प्रबंधन और डिजिटल बैंकिंग में बढ़ती चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि ऑडिटर्स को नई तकनीक और एथिक्स दोनों पर ध्यान देना होगा।
बदलते दौर में अपडेट रहना जरूरी
सम्मेलन में वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि बैंक ऑडिट अब सिर्फ पारंपरिक प्रक्रिया नहीं रह गई है, बल्कि इसमें तकनीक, डेटा एनालिसिस और AI टूल्स की भूमिका तेजी से बढ़ रही है। विशेषज्ञों ने बताया कि सही डॉक्यूमेंटेशन, सटीक रिपोर्टिंग और नियमों के पालन से ही बैंकिंग सिस्टम में विश्वास कायम रखा जा सकता है।
AI और डिजिटल टूल्स पर विशेष फोकस
कार्यक्रम के दौरान ऑडिट में AI के उपयोग पर भी विस्तार से चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने बताया कि AI बड़े डेटा को तेजी से विश्लेषित कर फ्रॉड पैटर्न और जोखिम वाले क्षेत्रों की पहचान करने में मदद करता है। हालांकि, इसके साथ मानव निर्णय (Human Judgment) को भी जरूरी बताया गया, ताकि अंतिम ऑडिट संतुलित और सटीक रहे।
रिपोर्टिंग और ट्रांसपेरेंसी पर जोर
सम्मेलन में ALFAR रिपोर्टिंग और बैंकिंग डॉक्यूमेंटेशन को लेकर भी अहम सत्र आयोजित (Guru Khushwant Saheb Event) किए गए। वक्ताओं ने कहा कि स्पष्ट और विस्तृत रिपोर्टिंग से बैंक की वास्तविक स्थिति सामने आती है और इससे प्रबंधन को सही निर्णय लेने में मदद मिलती है।
नेटवर्किंग और सीखने का बड़ा मंच
यह दो दिवसीय सम्मेलन सिर्फ ज्ञान का आदान-प्रदान ही नहीं, बल्कि प्रोफेशनल नेटवर्किंग का भी बड़ा मंच साबित हो रहा है। इसमें देशभर के विशेषज्ञ और अनुभवी सीए अपने अनुभव साझा कर रहे हैं, जिससे युवा प्रोफेशनल्स को दिशा मिल रही है।



