Economic Corridor : रायपुर से विशाखापत्तनम तक सड़क सफर पर निकलेंगे गडकरी, बड़ी परियोजना की होगी अहम समीक्षा

रायपुर से विशाखापत्तनम को जोड़ने वाली बहुप्रतीक्षित सड़क परियोजना एक बार (Economic Corridor) फिर चर्चा में है। अगले महीने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री के प्रस्तावित दौरे को लेकर प्रशासनिक और निर्माण एजेंसियों के बीच तैयारियां तेज हो गई हैं। लंबे समय से चल रहे इस महत्वाकांक्षी निर्माण कार्य की मौजूदा स्थिति जानने को लेकर भी लोगों में उत्सुकता बनी हुई है।

परियोजना से जुड़े क्षेत्रों में यह चर्चा है कि निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्यों की वास्तविक प्रगति, गुणवत्ता और सुरक्षा व्यवस्थाओं को करीब से परखा जाएगा। माना जा रहा है कि इस दौरे के बाद बचे हुए कार्यों को तय समय में पूरा करने की दिशा में और तेजी आ सकती है।

जुलाई के पहले सप्ताह में संभावित दौरा : Economic Corridor

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी जुलाई के पहले सप्ताह में छत्तीसगढ़ दौरे पर आ सकते हैं। प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार वे सड़क मार्ग से रायपुर से विशाखापत्तनम तक यात्रा कर रायपुर-विशाखापत्तनम इकोनामिक कारिडोर के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण करेंगे।

करीब 16,482 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रहे इस बड़े कारिडोर का लगभग 80 प्रतिशत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। शेष हिस्सों में भी तेजी से काम जारी है और संबंधित एजेंसियां निर्धारित समयसीमा के भीतर कार्य पूरा करने में जुटी हैं।

गुणवत्ता और सुरक्षा पर रहेगा फोकस

केंद्रीय मंत्री का यह दौरा परियोजना की प्रगति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। निरीक्षण के दौरान वे निर्माण की गुणवत्ता, सुरक्षा मानकों और तय समयसीमा के अनुसार हो रहे कार्यों की समीक्षा करेंगे। इसके साथ ही परियोजना से जुड़े अधिकारियों, इंजीनियरों और निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर विभिन्न चरणों में चल रहे कार्यों की जानकारी भी ली जाएगी।

सड़क मार्ग से करेंगे प्रत्यक्ष निरीक्षण

सूत्रों के मुताबिक गडकरी सड़क मार्ग से यात्रा करते हुए कारिडोर के अलग-अलग हिस्सों का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर (Economic Corridor) सकते हैं। जहां आवश्यकता होगी वहां निर्माण कार्यों में आ रही बाधाओं और तकनीकी चुनौतियों पर भी चर्चा की जाएगी। माना जा रहा है कि निरीक्षण के बाद परियोजना के शेष हिस्सों को पूरा करने की प्रक्रिया को और गति मिल सकती है।

तीन राज्यों को मिलेगा बड़ा लाभ

रायपुर-विशाखापत्तनम इकोनामिक कारिडोर देश की महत्वपूर्ण आधारभूत संरचना परियोजनाओं में शामिल है। इसके पूरा होने के बाद छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच माल परिवहन पहले की तुलना में अधिक तेज और सुगम हो जाएगा।

बेहतर सड़क संपर्क मिलने से औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। व्यापारिक परिवहन की लागत और समय में कमी आएगी, वहीं आम लोगों को भी यात्रा में सुविधा मिलेगी।

निवेश और विकास को मिलेगी रफ्तार

विशेषज्ञों का मानना है कि यह कारिडोर क्षेत्रीय आर्थिक विकास को नई दिशा देगा। बेहतर संपर्क व्यवस्था से नए निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी और औद्योगिक क्षेत्रों को सीधे (Economic Corridor) लाभ मिलेगा। परियोजना के पूर्ण होने के बाद तीन राज्यों के बीच व्यापार, परिवहन और लॉजिस्टिक गतिविधियों में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद जताई जा रही है।

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