Durg Collector Action : दुर्ग में प्रशासन का सख्त रुख: कंट्रोल रूम में लापरवाही पर 6 कर्मचारी निलंबित, 4 राइस मिलों पर गिरी गाज

Durg Collector Action

Durg Collector Action

दुर्ग जिले में खाद्य आपूर्ति व्यवस्था को लेकर लापरवाही सामने आने के बाद कलेक्टर अभिजीत सिंह ने कड़ा कदम उठाया है। जिला कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के औचक निरीक्षण के दौरान खाद्य विभाग के कंट्रोल रूम में तैनात छह कर्मचारी अपने कर्तव्यों से नदारद (Durg Collector Action) पाए गए।

आम जनता की शिकायतों पर निगरानी और त्वरित कार्रवाई के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों की अनुपस्थिति को गंभीर मानते हुए कलेक्टर ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके तहत छह कर्मचारियों को निलंबित किया गया है, साथ ही उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी कर वेतन रोकने के आदेश भी दिए गए हैं।

निरीक्षण के दौरान कंट्रोल रूम में दर्ज शिकायतों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने जिले की राइस मिलों में संभावित अनियमितताओं की आशंका जताई। इसके बाद चार राइस मिलों में स्टॉक और परिवहन व्यवस्था की जांच के लिए विशेष टीमें गठित (Durg Collector Action) की गईं।

जांच दल भरर स्थित नारायण राइस मिल, गाड़ाडीह की श्रीश्याम एग्रो, रिसामा की साई राम राइस मिल और उतई क्षेत्र की सतगुरु ट्रेडिंग कंपनी पहुंचे। जांच में सामने आया कि दो राइस मिलों में निर्धारित मात्रा की तुलना में कम स्टॉक मौजूद था, जबकि दो अन्य मिलों में चावल के परिवहन से जुड़ी व्यवस्थाओं में गंभीर खामियां पाई गईं।

इन अनियमितताओं को लेकर प्रशासन ने चारों राइस मिलों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। मिल संचालकों से परिवहन में उपयोग किए गए वाहनों का विवरण, भेजे गए चावल की मात्रा और स्टॉक में अंतर के कारणों का लिखित स्पष्टीकरण मांगा गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि संतोषजनक जवाब नहीं मिलने की स्थिति में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

राइस मिलों से जुड़े पूरे मामले की जांच की जिम्मेदारी अपर जिलाधिकारी अभिषेक अग्रवाल को सौंपी गई है। कलेक्टर अभिजीत सिंह स्वयं कंट्रोल रूम में बैठकर पूरी कार्रवाई की निगरानी (Durg Collector Action) करते रहे। प्रशासन का कहना है कि राइस मिलों से प्राप्त जवाब और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।

इस दोहरी कार्रवाई को जिले में खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली में सुधार और जवाबदेही तय करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। कलेक्टर ने संकेत दिए हैं कि भविष्य में भी किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर सख्त कार्रवाई से पीछे नहीं हटेंगे।