
छत्तीसगढ़ के शासकीय कर्मचारियों के लिए आर्थिक सुविधा को आसान बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम (Chhattisgarh Employee News) उठाया गया है। मंत्रालय में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान अर्जित वेतन के विरुद्ध ऋण योजना का औपचारिक शुभारंभ किया गया, जिसमें कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों के सामने इसका विस्तृत प्रस्तुतिकरण किया गया।
क्या है योजना की खासियत (Chhattisgarh Employee News)
कार्यक्रम में योजना की जानकारी देते हुए ऋषभ पाराशर ने बताया कि अब कर्मचारी अपने मासिक वेतन का एक हिस्सा बिना किसी ब्याज के अग्रिम रूप में प्राप्त (Chhattisgarh Employee News) कर सकेंगे। इसके साथ ही, कर्मचारियों को उनके वेतन के आधार पर अधिकतम पांच वर्षों की अवधि तक कम ब्याज दर पर ऋण लेने की सुविधा भी मिलेगी। आने वाले समय में इस योजना के तहत होम लोन और एजुकेशन लोन जैसी सुविधाओं को भी जोड़े जाने की तैयारी है।
लंबे समय से उठ रही थी मांग
कमल वर्मा, जो छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के प्रांतीय संयोजक हैं, ने बताया कि इस प्रकार की योजना को लागू करने की मांग लंबे समय से की जा रही थी। उन्होंने कहा कि इस फैसले से कर्मचारियों को आकस्मिक आर्थिक जरूरतों के समय बड़ी राहत मिलेगी, क्योंकि उन्हें अब तुरंत नकद सहायता उपलब्ध हो सकेगी।
ऐप के जरिए मिलेगा पूरा लाभ
योजना के संचालन को डिजिटल बनाने के लिए पद्मिनी भोई साहू ने बताया कि “रिफाइन” एप के माध्यम से कर्मचारी इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। यह एप “कार्मिक संपदा” सिस्टम से जुड़ा होगा, जिससे प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित रहेगी।
जल्द जारी होंगे दिशा-निर्देश
शीतल शाश्वत वर्मा ने जानकारी दी कि योजना से जुड़े सभी आवश्यक दस्तावेज जल्द ही वित्त विभाग के पोर्टल पर अपलोड (Chhattisgarh Employee News) किए जाएंगे। साथ ही एप के संचालन के लिए विस्तृत गाइडलाइन भी जल्द जारी होगी।
कर्मचारी हित में बड़ा फैसला
कार्यक्रम के अंत में सुनील उपाध्याय ने इसे कर्मचारियों के हित में उठाया गया महत्वपूर्ण कदम बताते हुए सभी संबंधित अधिकारियों और संगठनों को बधाई दी। इस मौके पर विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधि और वित्तीय संस्थाओं के सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।



