छत्तीसगढ़

Birth Certificate Online : जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र अब पूरी तरह ऑनलाइन, अक्टूबर 2023 के बाद जन्मे बच्चों के लिए अनिवार्य

राज्य में अब जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र (Birth Certificate Online) पूरी तरह ऑनलाइन बनाए जाएंगे। भारत के महारजिस्ट्रार कार्यालय, नई दिल्ली द्वारा वर्ष 2023 में संशोधित नया डिजिटल पोर्टल लॉन्च किया गया है, जिसके माध्यम से छत्तीसगढ़ में सभी जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र ऑनलाइन जारी किए जा रहे हैं।

जन्म-मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 में वर्ष 2023 में किए गए संशोधन के अनुसार, अक्टूबर 2023 के बाद जन्मे बच्चों की जन्म तिथि प्रमाणित करने के लिए जन्म प्रमाण पत्र ही एकमात्र वैध दस्तावेज माना जाएगा।

https://youtu.be/ANR5xtvqgQo

अर्थात, इस तिथि के पूर्व जन्मे बच्चों के लिए अन्य वैकल्पिक दस्तावेज जैसे स्कूल रिकॉर्ड, अस्पताल प्रमाण पत्र या अन्य सरकारी दस्तावेज अब भी जन्म तिथि प्रमाण के रूप में मान्य होंगे।
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि अप्रैल 2023 के बाद जन्मे सभी बच्चों के लिए केवल ऑनलाइन जारी जन्म प्रमाण पत्र ही मान्य होगा। वहीं अक्टूबर 2023 से पहले जन्मे बच्चों के लिए जन्म प्रमाण पत्र आवश्यक नहीं है। उनके लिए अन्य प्रमाण पत्र या दस्तावेज भी पर्याप्त होंगे।

पूर्व में मैन्युअल पद्धति से जारी किए गए जन्म प्रमाण पत्रों को लेकर अब पोर्टल पर ऑनलाइन अपडेट और डिजिटल रूपांतरण की सुविधा भी शुरू की गई है। इससे पुराने प्रमाण पत्र भी अब सुरक्षित रूप से ऑनलाइन उपलब्ध रहेंगे।

यह मामला तब चर्चा में आया जब कुछ जिलों से यह सूचना मिली कि आधार केंद्र केवल क्यूआर कोड वाले जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate Online) के आधार पर ही आधार कार्ड बना रहे हैं। इस पर राज्य सरकार ने यूआईडीएआई (UIDAI) हैदराबाद के सहायक प्रबंधक से अनुरोध किया है कि राज्य के सभी आधार केंद्रों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जाएं, ताकि पुराने प्रमाण पत्र वाले बच्चों के आवेदन भी अस्वीकृत न हों।

https://youtu.be/H4KqP1tSr4M

अधिकारियों के अनुसार, नए ऑनलाइन पोर्टल के लॉन्च के शुरुआती दिनों में कुछ तकनीकी कठिनाइयां आई थीं, लेकिन अब भारत के महारजिस्ट्रार कार्यालय, नई दिल्ली द्वारा सभी समस्याओं का समाधान कर दिया गया है। राज्य के सभी जन्म-मृत्यु (Birth Certificate Online) रजिस्ट्रारों को नए सिस्टम पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। इसके अलावा जिला स्तर पर भी नियमित प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं ताकि प्रक्रिया पूरी तरह सुचारू रहे। वर्तमान में अप्रैल 2023 के बाद से सभी प्रमाण पत्र केवल ऑनलाइन पोर्टल से ही जारी किए जा रहे हैं, और सिस्टम अब तकनीकी रूप से पूरी तरह स्थिर है।

Related Articles

Back to top button