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Tech Layoffs 2026 : मेटा और माइक्रोसॉफ्ट में मचेगी भारी छंटनी, 23 हजार कर्मचारियों के सिर पर लटकी तलवार

वैश्विक आईटी सेक्टर में एक बार फिर नौकरियों का संकट गहराता (Tech Layoffs 2026) नजर आ रहा है। दुनिया की दो सबसे बड़ी दिग्गज कंपनियां, मेटा (Meta) और माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft), अपने वर्कफोर्स में बड़ी कटौती करने की तैयारी में हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन दोनों कंपनियों के नए प्लान से लगभग 23,000 कर्मचारियों की रोजी-रोटी पर संकट आ सकता है।

मेटा में 10% वर्कफोर्स की छुट्टी, खाली पदों पर भी रोक (Tech Layoffs 2026)

मार्क जुकरबर्ग की कंपनी मेटा ने संकेत दिए हैं कि वह अपने कुल कार्यबल में से 10 प्रतिशत की कटौती कर सकती है। इसका सीधा मतलब है कि करीब 8,000 कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखाया जा सकता है। चौंकाने वाली बात यह है कि कंपनी ने 6,000 खाली पड़े पदों को भी न भरने का फैसला लिया है। माना जा रहा है कि यह छंटनी प्रक्रिया 20 मई से शुरू हो जाएगी। कंपनी का तर्क है कि वह अपने ऑपरेशंस को अधिक ‘स्किल्ड’ बनाना चाहती है।

माइक्रोसॉफ्ट का ‘बायआउट’ ऑफर: कर्मचारियों को खुद नौकरी छोड़ने का प्रस्ताव

माइक्रोसॉफ्ट इस बार छंटनी के लिए एक अलग रास्ता अपना रही है। कंपनी ने अपने अमेरिकी कर्मचारियों के लिए ‘वॉलंटरी बायआउट’ (Voluntary Buyout) स्कीम पेश (Tech Layoffs 2026) की है। इसके तहत लगभग 8,750 कर्मचारियों को खुद से नौकरी छोड़ने का ऑफर दिया जा सकता है। विशेष रूप से उन कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जा रही है, जिनका अनुभव और आयु मिलाकर 70 वर्ष का आंकड़ा पार कर रही है।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) बना नौकरियों का दुश्मन?

जानकारों का मानना है कि इस छंटनी के पीछे सबसे बड़ी वजह कंपनियों का AI की ओर बढ़ता रुझान है। मेटा और माइक्रोसॉफ्ट दोनों ही इस समय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्रोजेक्ट्स और डेटा सेंटर्स पर अरबों डॉलर का निवेश (Tech Layoffs 2026) कर रही हैं। जापान और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में भारी निवेश के बाद अब कंपनियां अपने बजट को संतुलित करने के लिए कर्मचारियों की संख्या कम कर रही हैं।

अगला हफ्ता होगा बेहद अहम

29 अप्रैल को दोनों ही कंपनियां अपने तिमाही नतीजे (Quarterly Results) पेश करने वाली हैं। इस दिन निवेशकों के सामने भविष्य की रूपरेखा और स्पष्ट (Tech Layoffs 2026) होगी, लेकिन उससे पहले ही कर्मचारियों के बीच भारी असुरक्षा और तनाव का माहौल बन गया है।

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