CG विधानसभा: जलजीवन मिशन में भारी भ्रष्टाचार को लेकर सदन में विपक्ष का हंगामा…सत्तापक्ष के विधायक ने पूछा सवाल-बिना जल स्रोत के कैसे पाइप लाइन का टेंडर

CG विधानसभा: जलजीवन मिशन में भारी भ्रष्टाचार को लेकर सदन में विपक्ष का हंगामा…सत्तापक्ष के विधायक ने पूछा सवाल-बिना जल स्रोत के कैसे पाइप लाइन का टेंडर

CG Assembly: Opposition creates ruckus in the House over massive corruption in Jal Jeevan Mission… Ruling party MLA asks question- How can pipeline tender be issued without a water source

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-सही जवाब नहीं मिलने पर विपक्ष ने किया बहिर्गमन

रायपुर/नवप्रदेश। CG Assembly: आज विधानसभा बजट सत्र के तीसरे दिन शुरू होते ही सदन गरमा गया है। इसी बीच जल जीवन मिशन के संतोषजनक जवाब नहीं मिलने से विपक्ष ने वाक आउट कर दिया। विधायक सावित्री मंडावी के जलजीवन पर सवाल किया। मंत्री अरुण साव के जवाब से असंतुष्ट भूपेश बघेल ने बहस की। फिर विपक्ष ने वॉकआउट कर दिया।

गोमती साय ने सवाल किया कि पत्थलगांव विधानसभा सभा क्षेत्र में जीवन मिशन योजना का कार्य अपूर्ण है, इसके क्या कारण है।
जवाब- लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने बताया कि 653 गांवों में जल के स्रोत नहीं। इससे कई जगह काम नहीं हुए हैं। विधानसभा क्षेत्र में 166 काम अधूरे हैं। जिन ठेकेदार थे उनको नोटिस और जुर्माना लगाया गया है। लेकिन कार्य प्रगतिरत होने के कारण काली सूची में नहीं डा ला गया है।

सवाल-नेता प्रतिपक्ष चरणदास ने कहा कि वित्त मंत्री बताएं। कितने उत्पाद केंद्र बंद हुआ। साथ ही बताएं कि एक जिले में 5 उद्योग बंद किए, उनको क्यों वित्तीय सहायता नहीं दे पाएं।

जवाब-वाणिज्य मंत्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि उत्पाद केंद्र के खुद वित्तीय घाटा के चलते बंद हुआ।

सवाल-चरणदास महंत ने पूछा कि शक्कर खाना कारखाने लगातार क्यों बंद हो रहे। ऐसे में फिर उद्योग नीति क्यों।

जवाब-लखनलाल देवांगन ने कहा, इस पर नीति बना रहे।

फिर चरणदास महंत ने कहा कि बंद कारखाना अधिनियम के कर्मचारियों के हित के लिए क्या योजना है। जिस पर लखनलाल देवांगन ने कहा कि, अगर कहीं खामी होगी तो दिखा लेंगे।

विधायक अजय चंद्राकर ने कहा जल जीवन मिशन से संबंधित प्रश्न में पूछा मंत्री जी बतां कि जल स्रोत कितने हैं इसकी सूची बताएं। अरुण साव ने कहा 653 गांव है। जिस पर अजय चंद्राकर ने कहा ऐसे कैसे हो सकता है कि बिना जल स्रोत के कैसे पाइप लाइन का टेंडर कैसे हो गया। साव ने कहा, टेंडर में लापवाही करने वाले अधिकारियों पर करवाई हुई है।

विधायक अजय चंद्राकर ने फिर कहा डीपीआर में बिना जल स्रोत के ही गांवों में भ्रष्ट्राचार कर एजेंसियों ने पाइप लाइन बिछाई गई। जिस साव ने कहा जहां भी भ्रष्टाचार हुए हैं। वहां कड़ी करवाई करेंगे। अजय चंद्राकर ने कहा, 12 लाख नल कनेक्शन ही सिर्फ लगा है। कहा कि आज एक साल ने अपने कोई कार्रवाई नहीं की है। अरुण साव ने आश्वासन दिया कि करवाई की जाएगा। इसी बीच धरम लाल कौशिक ने भी कहा एक पर करवाई हुई। बाकी पर क्यों नहीं हुआ।

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