छत्तीसगढ़ सरकार की प्रमुख महिला कल्याण योजना महतारी वंदन योजना (Mahatari Vandan Yojana) के लाभार्थियों के लिए अब e-KYC अनिवार्य कर दी गई है। सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि जो महिलाएं आधार सत्यापन नहीं कराएंगी, उनके खातों में राशि (Women Scheme Verification) का भुगतान रोका जा सकता है। वर्तमान में योजना के तहत 69.26 लाख महिलाओं को हर माह 1,000 की राशि दी जा रही है। योजना की 21वीं किस्त जारी हो चुकी है, लेकिन अब सरकार सभी लाभार्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन करा रही है ताकि अपात्र या मृत व्यक्तियों के नाम हटाए जा सकें।
ई-केवाईसी न कराने पर रुकेगा भुगतान
महिला एवं बाल विकास विभाग ने बताया कि पहले चरण में 4.25 लाख महिलाओं की e-KYC प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इसके तहत महिलाओं को आधार कार्ड जमा कर बायोमेट्रिक निशान देना होगा (eKYC Update)। जिन लाभार्थियों की e-KYC नहीं होगी, उनकी आगामी किस्त रोक दी जाएगी।
आंगनबाड़ी और बीएलई के जरिए सुविधा
महिलाएं e-KYC के लिए आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से संपर्क कर सकती हैं। विभाग ने प्रत्येक क्षेत्र के लिए बीएलई (Village Level Entrepreneur) का नाम और मोबाइल नंबर भी जारी कर दिया है। ग्रामीण इलाकों में यह प्रक्रिया अटल डिजिटल सेवा केंद्रों और ग्राम पंचायत भवनों में होगी, जबकि शहरों में वार्ड कार्यालयों में e-KYC की सुविधा दी गई है।
सरकार ने जारी की गाइडलाइन
महिला एवं बाल विकास विभाग ने e-KYC प्रक्रिया के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं
ई-केवाईसी पूरी तरह निशुल्क है, महिलाओं से किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा।
केवल सीएससी और बीएलई अधिकृत व्यक्ति ही यह कार्य करेंगे।
शिविर में उपस्थित हितग्राहियों का रजिस्टर तैयार कर हस्ताक्षर सहित सूची रखी जाएगी।
आम समस्याएं जो सामने आ रही हैं
कई महिलाओं को सत्यापन के दौरान दिक्कतें आ रही हैं
आधार में नाम या पता की स्पेलिंग गलत है।
मोबाइल नंबर लिंक नहीं होने के कारण OTP सत्यापन नहीं हो पा रहा।
बैंक डिटेल्स और आधार नंबर में मिसमैच की स्थिति आ रही है।

