रायपुर। प्रदेश के करीब 65 लाख बिजली उपभोक्ताओं के लिए बिजली कनेक्शन का केवाईसी कराना जरूरी किया गया है। एक सितंबर से शुरू हुई प्रक्रिया में अब तक 91,888 उपभोक्ताओं का केवाईसी पूरा हो चुका है। इनमें सबसे ज्यादा 88,585 उपभोक्ताओं ने मोर बिजली एप के माध्यम से केवाईसी कराया है, जबकि 3,303 उपभोक्ताओं ने बिजली दफ्तरों में बनाए गए काउंटर पर जाकर प्रक्रिया पूरी की।
केवाईसी के दौरान प्रदेश में 40,198 ऐसे उपभोक्ता मिले हैं, जिनके बिजली कनेक्शन में दर्ज नाम और आधार कार्ड में दर्ज नाम में मामूली अंतर है। नाम में अंतर होने के कारण इन उपभोक्ताओं का केवाईसी पूरा नहीं हो पा रहा है। अब पहले बिजली कनेक्शन में दर्ज नाम को आधार कार्ड के अनुसार सुधारा जाएगा। इसके बाद संबंधित उपभोक्ता का केवाईसी पूरा किया जाएगा।
मामूली अंतर से अटक रही प्रक्रिया
अधिकारियों के अनुसार कई मामलों में बिजली कनेक्शन और आधार कार्ड में दर्ज नाम में मामूली अंतर है। उदाहरण के तौर पर किसी उपभोक्ता का बिजली कनेक्शन मनोज अग्रवाल के नाम पर है, जबकि आधार कार्ड में नाम मनोज कुमार अग्रवाल दर्ज है। इसी तरह नाम में कोई शब्द छूटने या अतिरिक्त शब्द जुड़ने के कारण भी मिलान नहीं हो पा रहा है।
ऐसे उपभोक्ताओं को अपने क्षेत्र के डीसी सेंटर में जाकर पहले बिजली कनेक्शन में नाम सुधरवाना होगा। नाम में सुधार होने के बाद केवाईसी की प्रक्रिया पूरी की जा सकेगी।
रायपुर में 8 हजार से ज्यादा उपभोक्ता
रायपुर सर्किल एक में 2,858, सर्किल दो में 1,796 और रायपुर ओएंडएम में 3,519 उपभोक्ताओं के नाम में अंतर मिला है। प्रदेशभर में ऐसे उपभोक्ताओं की संख्या 40,198 है।
वहीं, रायपुर सर्किल एक में अब तक 14,299 और सर्किल दो में 4,969 उपभोक्ताओं का केवाईसी पूरा हो चुका है। प्रदेश में 12,961 उपभोक्ताओं का केवाईसी फिलहाल लंबित है।
मोर बिजली एप से आसान प्रक्रिया
मोर बिजली एप के माध्यम से केवाईसी की प्रक्रिया पूरी करना आसान है। इसके लिए सबसे पहले आधार फेस एप डाउनलोड करना होता है। इसके बाद आधार नंबर दर्ज करने पर मोबाइल पर ओटीपी आती है। ओटीपी दर्ज करने के बाद सॉफ्टवेयर आधार कार्ड और बिजली कनेक्शन में दर्ज नाम का मिलान करता है। नाम का मिलान होने पर मोबाइल कैमरा खुलता है और उपभोक्ता की तस्वीर लेने के बाद केवाईसी पूरा हो जाता है।
