राजधानी रायपुर में सूदखोरी और आपराधिक गतिविधियों पर शिकंजा कसते हुए पुलिस ने चर्चित आरोपी रोहित सिंह तोमर को दोबारा गिरफ्तार (Rohit Singh Tomar Arrest) कर जेल भेज दिया है। कमिश्नरी कोर्ट में हुई सुनवाई के बाद आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, रोहित सिंह तोमर पर ऊंची ब्याज दरों पर रकम उधार देकर अवैध वसूली करने, दबाव बनाने, मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने जैसे गंभीर आरोप दर्ज हैं। विभिन्न थाना क्षेत्रों तैलीबांधा और पुरानी बस्ती सहित में उसके खिलाफ आधा दर्जन से अधिक प्रकरण दर्ज बताए जा रहे हैं।
प्रशासन का कहना है कि लंबे समय से राजधानी में सूदखोरी से जुड़े मामलों की निगरानी की जा रही थी। इसी क्रम में आरोपी के खिलाफ एकत्रित शिकायतों और साक्ष्यों के आधार पर निर्णायक कार्रवाई (Rohit Singh Tomar Arrest) की गई। कमिश्नरी कोर्ट में कार्यपालक शक्तियों के तहत मामले की सुनवाई हुई, जहां प्रस्तुत रिकॉर्ड पर विचार करने के बाद जेल भेजने का आदेश पारित किया गया।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी पर उधारी के नाम पर लोगों को भयभीत कर वसूली करने और विरोध करने पर हिंसा का सहारा लेने के आरोप हैं। उसकी गतिविधियों पर पहले से नजर रखी जा रही थी।
इस प्रकरण में आरोपी के परिवार का नाम भी पहले चर्चा में आ चुका है। उसके बड़े भाई रूबी उर्फ वीरेंद्र सिंह तोमर के खिलाफ भी पूर्व में सख्त कार्रवाई (Rohit Singh Tomar Arrest) हुई थी। पुलिस ने 9 नवंबर को उसे मध्य प्रदेश से गिरफ्तार किया था, जिसकी कार्रवाई उस समय काफी चर्चित रही थी। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अवैध सूदखोरी पर अंकुश लगाने के लिए ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

