मशहूर कॉमेडियन और अभिनेता राजपाल यादव को 9 करोड़ रुपये के लोन मामले में अंतरिम जमानत (Rajpal Yadav Bail) मिल गई है। 12 रातें जेल में बिताने के बाद वह रिहा होकर परिवार के पास लौट आए हैं। उनकी अगली पेशी 18 मार्च को दिल्ली हाई कोर्ट में होगी, जहां उन्हें व्यक्तिगत रूप से या वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहना होगा।
कोर्ट की शर्तें क्या रहीं?
हालिया सुनवाई में हाई कोर्ट ने राजपाल यादव को शिकायतकर्ता के खाते में 1.5 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश दिया था। उन्होंने निर्धारित समय से पहले राशि जमा कर इसकी सूचना अदालत ((Rajpal Yadav Bail) को दी, जिसके बाद उन्हें राहत मिली। कोर्ट ने पासपोर्ट सरेंडर करने का भी आदेश दिया है। रिहाई वारंट कड़कड़डूमा कोर्ट से जारी हुआ।
परिवार में शादी, मिली अस्थायी राहत
बताया जा रहा है कि 19 फरवरी को शाहजहांपुर में उनकी भतीजी की शादी है। इसी को ध्यान में रखते हुए उन्हें अंतरिम जमानत दी गई। कठिन दौर में उनकी पत्नी राधा यादव और भाई लगातार साथ खड़े रहे।
क्या है पूरा मामला?
यह मामला साल 2010 से जुड़ा है, जब राजपाल यादव ने अपनी फिल्म अता पता लापता के निर्माण के लिए दिल्ली की कंपनी से करीब 5 करोड़ रुपये का कर्ज (Rajpal Yadav Bail) लिया था। फिल्म के असफल रहने के बाद वह समय पर भुगतान नहीं कर सके। शिकायतकर्ता को दिए गए चेक बाउंस होने पर मामला अदालत पहुंचा।
साल 2018 में मजिस्ट्रेट अदालत ने उन्हें और उनकी पत्नी को ‘नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट’ की धारा 138 के तहत दोषी ठहराते हुए छह महीने की सजा सुनाई थी। ब्याज सहित बकाया राशि बढ़कर 9 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। अदालती आदेशों का पालन न करने पर उन्हें पहले भी तिहाड़ जेल जाना पड़ा था।
हालिया घटनाक्रम में अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए 6 फरवरी 2026 को सरेंडर करने का निर्देश दिया था। अब अंतरिम राहत मिलने के बाद सबकी नजर 18 मार्च की सुनवाई पर टिकी है।

