GP Singh’s Bail : छत्तीसगढ़ सरकार को सुप्रीम कोर्ट का झटका

बिलासपुर/नवप्रदेश। GP Singh’s Bail : सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को छत्तीसगढ़ सरकार की उस अपील को खारिज कर दी है, जिसमें हाईकोर्ट से जमानत देने के आदेश को चुनौती दी गई थी। सुप्रीम कोर्ट के अवकाशकालीन पीठ जस्टिस बीआर गवई और हीमा कोहली ने कहा कि हाईकोर्ट ने सभी तथ्यों को ध्यान में रखकर शर्तों के साथ जमानत दी है, जिस पर हस्तक्षेप करने की आवश्यकता नहीं है।

120 दिन तक जेल में रहे जीपी सिंह

आय से अधिक संपत्ति अर्जित (GP Singh’s Bail) करने के मामले में जीपी सिंह जनवरी में गिरफ्तार हुए थे। तब से वे करीब 120 दिन तक जेल में रहे। सुप्रीम कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका पर हाईकोर्ट को शीघ्र सुनवाई करने का आदेश दिया था।

12 मई के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में दी है चुनौती

बीते 12 मई को हाईकोर्ट के जस्टिस दीपक तिवारी ने आय से अधिक संपत्ति के केस में गिरफ्तार आईपीएस और सस्पेंड एडीजी जीपी सिंह की जमानत याचिका को स्वीकार किया था। हाईकोर्ट ने उन्हें सशर्त जमानत दी है। कोर्ट ने उन्हें रायपुर से बाहर रहने के साथ ही मीडिया से बातचीत नहीं करने और गवाहों से संपर्क नहीं करने की शर्तें रखी है।

जीपी गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं : राज्य शासन

इस मामले में राज्य सरकार (GP Singh’s Bail) की तरफ़ से सीनियर एडवोकेट मुकुल रोहोतगी ने कहा की जीपी सिंह उच्च पद के अधिकारी हैं। ऐसे में वे गवाहों को प्रभावित करने सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें पहले भी राहत नहीं दी थी। लिहाजा, उनकी जमानत को खारिज किया जाए।

Exit mobile version