गांधी जी की करूणा के साथ ही सांप्रदायिकता की बुनावट को समझना होगा

रायपुर/नवप्रदेश। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल (chief minister bhupesh baghel) ने कहा कि हमें गांधीजी (gandhiji) की करूणा (compassion) को समझने के साथ-साथ सम्प्रदायिकता (communalism) की अंतरंग बुनावट (texture) को भी समझना होगा तभी गांधी विचार (gandhi vichar yatra) यात्रा पूरी होगी।

cm baghel in padyatra

मुख्यमंत्री गुरुवार को राजधानी रायपुर के ऐतिहासिक गांधी मैदान में कंडेल से प्रारंभ हुई सप्ताहव्यापी ’गांधी विचार पदयात्रा’ (gandhi vichar padyatra) के समापन अवसर पर आयोजित विशाल आमसभा को सम्बोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को उनकी 150वीं जयंती पर पूरी दुनिया में याद किया जा रहा है, क्योंकि उन्होंने अहिंसा के रास्ते पर चलकर देश को आजादी दिलाई।

महात्मा गांधी अहिंसा की ताकत को पहचानते थे। उन्होंने पशुबल के सामने आत्मबल को खड़ा किया। उनका अहिंसा का रास्ता आम जनता के लिए था। बघेल ने कहा कि महात्मा गांधी (mahatma gandhi) ने सत्य, अहिंसा, स्वावलंबन और करूणा (compassion) का रास्ता दिखाया। लेकिन हमें गांधी जी की करूणा (compassion) को समझने के साथ-साथ सम्प्रदायिकता (communalism) की अंतरंग बुनावट (texture) और तानाशाही की मंशा के समाजशास्त्र को भी समझना होगा तभी गांधी विचार यात्रा पूरी होगी।

नरवा, गरवा, घुरुवा और बाड़ी में छिपा है गांधीजी का दर्शन

मुख्यमंत्री (chief minister bhupesh baghel) ने कहा कि सम्पूर्ण छत्तीसगढ़ एक परिवार के जैसा है। सुख-दुख में हम सब एक दूसरे के साथी हैं। छत्तीसगढ़ सरकार इसी भावना के साथ कार्य कर रही है। नरवा, गरवा, घुरुवा और बाड़ी ये केवल नारे नहीं है बल्कि इसमें गांधी जी का दर्शन और स्वावलंबन सूत्र छुपा है।

बघेल ने इस पदयात्रा में शामिल सभी लोगों को बधाई देते हुए कहा कि आप सब ने पूरे जोश और उत्साह के साथ इस पदयात्रा (padyatra) में शामिल होकर गांधी जी के रास्ते पर चलने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि बारिश के बीच भी पदयात्रा पूरे उत्साह के साथ बिना रुके आगे बढ़ती रही, जिसके लिए आप सब बधाई के पात्र हैं।

Exit mobile version