सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव अविनाश चम्पावत ने एक अहम आदेश जारी करते हुए राज्य के सभी अधिकारी-कर्मचारियों को सप्ताह में दो दिन अनिवार्य रूप से कार्यालय में उपस्थित रहने के निर्देश दिए हैं। आदेश के अनुसार मंगलवार और बुधवार को अधिकारी अपने मुख्यालय या कार्यालय में रहकर काम करेंगे। इन निर्देशों की नाफरमानी को सीधे तौर पर अनुशासनहीनता की श्रेणी में माना जाएगा।
जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि इन दो दिनों के दौरान कार्यालयीन नस्तियों (Files) का निराकरण, विभागीय समीक्षा और आम जनता की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार (Chhattisgarh Government Order) पर किया जाएगा। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि फाइलों का लंबित रहना कम हो और आम लोगों को समय पर राहत मिल सके।
सामान्य प्रशासन विभाग के आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि शासन के संज्ञान में आया है कि कई विभागों में अधिकारियों के लगातार क्षेत्र भ्रमण और दौरों के कारण कार्यालयीन कार्य प्रभावित हो रहा है, साथ ही आम जनता से मुलाकात के समय में भी अनियमितता देखी जा रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए कार्य-सारणी में बदलाव किया गया है।
दौरा कार्यक्रम को लेकर भी तय हुई सीमा
आदेश के अनुसार गुरुवार और शुक्रवार को ही क्षेत्र भ्रमण, निरीक्षण (Inspections) और अन्य बाह्य कार्य किए जाएंगे। अधिकारियों को अपने फील्ड विजिट का कार्यक्रम इन्हीं दो दिनों में नियोजित करने के निर्देश (Chhattisgarh Government Order) दिए गए हैं, ताकि कार्यालयीन और मैदानी कार्यों में संतुलन बना रहे।
विशेष परिस्थितियों में छूट
कानून-व्यवस्था, अत्यावश्यक कार्य या वरिष्ठ कार्यालय द्वारा आहूत बैठकों की स्थिति में ही इस निर्धारित समय-सारणी में परिवर्तन मान्य होगा। इसके अलावा किसी भी प्रकार की लापरवाही या आदेश उल्लंघन पर संबंधित अधिकारी-कर्मचारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई (Chhattisgarh Government Order) की जा सकती है। प्रशासनिक हलकों में इस आदेश को सरकारी कामकाज में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

