दौरे से लौटते ही सीएम भूपेश ने भाजपा को दिया जवाब, कहा-आदिवासी नृत्य समारोह के लिए कर्ज लेना नहीं पड़ेगा

Bhupesh Reply to BJP
रायपुर/नवप्रदेश। Bhupesh Reply to BJP : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अपने तीन दिवसीय उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश के दौरे से बुधवार शाम राजधानी लौटे। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने एयरपोर्ट पर मीडिया से चर्चा के दौरान अपने दौरे की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में उन्होंने कांग्रेस के कई आला नेताओं और सामाजिक लोगों से मुलाकात की। जहां 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारी को लेकर चर्चा हुई। वहीं हिमाचल प्रदेश में होने वाले उपचुनाव के दौरान अर्की क्षेत्र में उन्होंने चुनावी सभा को संबोधित किया है। उन्होंने कांग्रेस की जीत का दावा भी किया।
आदिवासियों की तरक्की से भाजपा को है तकलीफ – सीएम
राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य समारोह को लेकर भाजपा ने सरकार पर आरोप लगते हुए कहा था कि सरकार एक ओर कर्ज में डूबी हुई है वहीं अरबों रुपये समारोह में पानी की तरह बहा रही है। सीएम भूपेश ने आरोप का जवाब देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की राजधानी में राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य समारोह में देश और दुनिया के लोग पहुंच रहे हैं तो भाजपा (Bhupesh Reply to BJP) को तकलीफ हो रही है। सीएम ने कहा कि भाजपा चाहती है कि आदिवासी पूर्व की भांति ही लंगोट पहने रहें और जंगल में ही रहे। भाजपा की मंशा इस बहाने जगजाहिर हो चुकी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आदिवासी नृत्य महोत्सव कराने में कोई अरबों रुपए का खर्च सरकार नहीं कर रही है, जिससे कि कर्ज लेने की नौबत आए। सीएम भूपेश ने भाजपा के शासनकाल में हुए कार्यक्रमों का उदाहरण देते हुए कहा कि यदि पिछले शासनकाल का लेखा-जोखा देखा जाए तो बाल की खाल निकाले जा सकते हैं, लेकिन हमें उन बातों पर नहीं जाना है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि आदिवासी हमारे छत्तीसगढ़ की पहचान है, उसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिल रही है और भाजपा को इससे दिक्कत हो रही है।
अव्वल पीएम और तेल की बढ़ती कीमतों पर सीएम का तंज
केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने नरेंद्र मोदी को सफलतम प्रधानमंत्री कहा है। उस पर जवाब देते हुए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि यह आकलन भाजपा (Bhupesh Reply to BJP) का है लेकिन यदि इतिहास के पन्ने को पलटा जाए तो इसमें कुछ और ही बात सामने दिखाई देगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोटबंदी और जीएसटी लागू किया तो देश की अर्थव्यवस्था पर क्या प्रभाव पड़ा। वैसे ही कोरोना काल में देश में वैक्सीन का उत्पाद हो रहा था और प्रधानमंत्री विदेशों में निर्यात कर रहे थे, जबकि यहां कोरोना से लोगों की मौतें हो रही थी, ऐसे पलों का देशवासी समीक्षा करेंगे। उन्होंने कहा कि सबसे असफल और जुमलेबाज प्रधानमंत्री के रूप में पीएम मोदी का नाम दर्ज होगा।
वहीं बढ़ते तेल की कीमतों पर कहा कि केंद्र सरकार इस पर नियंत्रण करने में असफल है। उन्होंने तीन काले कानून का हवाला देते हुए कहा की देश में स्टॉक करने की सीमा को खत्म कर दिया गया है। ऐसे में राज्य सरकार कोई कार्यवाही नही कर सकती और भारत सरकार भी केवल निर्देश ही दे सकती है। सीएम की माने तो यह सब कमोडिटी एक्ट के समाप्त करने के चलते हुआ है।