संपादकीय: पाक और चीन को करारा झटका
A major blow to Pakistan and China
Editorial: भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील के दौरान ही अमेरिका ने एक नक्सा जारी किया है जिसमें पाक अधिकृत कश्मीर और लद्दाख के अलावा अक्साई चीन को भारत का हिस्सा दिखाया गया है। यह नक्शा अमेरिका के युएसटीआर ने जारी किया है और इस नक्शे के जरिए भारत व अमेरिका के अंतरिम व्यापार समझौते के दायरे को समझाने की कोशिश की गई है। अमेरिका द्वारा पीओके और अक्साई चीन को भारत का हिस्सा बताया जाना पाकिस्तान और चीन के लिए करारा झटका है।
गौरतलब है कि पीओके को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच तथा अक्साई चीन को लेकर भारत और चीन के बीच लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। खासतौर पर पाक अधिकृत कश्मीर को लेकर भारत व पाक के बीच तलवारे खीचीं हुई है। जबकि पाकिस्तान अभी भी जम्मू कश्मीर को लेकर सारी दुनिया में हाय तौबा मचाते हुए घुम रहा है और उसने संयुक्त राष्ट्र संघ सहित अन्य अंतर्राष्ट्रीय मंचो पर अक्सर कश्मीर का बेसूरा राग अलावा है। जिसका भारत ने हर बार मुंहतोड़ जवाब देकर यह स्पष्ट कर दिया है कि जम्मू कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और रहेगा।
इस मुद्दे पर न तो भारत पाकिस्तान के साथ कोई बातचीत करेगा और न ही किसी तीसरे देश का हस्तक्षेप बर्दाश्त करेगा। भारत तो अब पीओके को भीलेकर रहेगा जिसपर पाकिस्तान ने दशकों से अवैध कब्जा कर रखा है। अब अमेरिका द्वारा पीओके को भारत का हिस्सा बताये जाने से पाकिस्तान की नींद उड़ गई है। खासतौर पर पाकिस्तानी सेना प्रमुख असीम मुनीर के लिए तो यह शर्मिंदगी की बात है जो अमेरिका से यह गुहार लगाते रहे हैं कि वह पीओके को पाकिस्तान के हिस्से के रूप में मान्यता प्रधान करें।
अमेरिका ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर कर रख दिया है और अब एक बार फिर पीओके को भारत में शामिल करने की कवायद तेज हो सकती है। अमेरिका के इस रूख से पाकिस्तान और चीन की बड़ी कुटनीतिक हार हुई है जो उनके लिए गहरे सदमें से कम नहीं है।
उल्लेखनीय है कि पांच साल पहले पाकिस्तान ने अपना नया राजनीतिक नक्शा जारी किया था जिसमें उसने पाक अधिकृत कश्मीर तथा लद्दाख के कुछ हिस्सों को पाकिस्तान का बताया था। इसी तरह चीन ने भी तीन साल पहले अपना नया नक्शा जारी किया था। जिसमें उसने अरूणाचल प्रदेश को तथा अक्साई चीन को अपना हिस्सा बताया था और भारत से कहा था कि वह इसे तुरंत खारी कर दे। भारत ने पाकिस्तान और चीन दोनों के ही नक्शें को नकार दिया था।
