सारंगढ़-बिलाईगढ़। जिले में गोवंशों के साथ क्रूरता का मामला सामने आया है। रायगढ़ रोड स्थित नहर के पास अज्ञात लोगों ने आठ गोवंशों को रस्सियों से बांधकर नहर में फेंक दिया। घटना की जानकारी मिलने पर गौसेवकों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर बचाव अभियान चलाया। काफी मशक्कत के बाद सात गोवंशों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि एक गोवंश की डूबने से मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह करीब 7 बजे वार्ड क्रमांक-3 के एक निवासी ने गौसेवा आयोग जिला सारंगढ़ की प्रभारी एवं छत्तीसगढ़ नागरिक सुरक्षा वेलफेयर फाउंडेशन की पदाधिकारी हेमन्ती भारती को घटना की सूचना दी। उन्हें बताया गया कि आठ गोवंशों को रस्सियों से बांधकर नहर में फेंका गया है। सूचना मिलते ही हेमन्ती भारती ने संस्था के जिला अध्यक्ष नत्थूलाल अग्रवाल और गौ-रक्षकों को इसकी जानकारी दी। इसके बाद गौ-रक्षकों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर गोवंशों को बचाने का प्रयास शुरू किया।
बचाव अभियान के दौरान सभी ने मिलकर सात गोवंशों को नहर से सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन एक गोवंश को नहीं बचाया जा सका। घटना की जानकारी संस्था की संस्थापिका एवं प्रदेश अध्यक्ष आरूती सिंह को भी दी गई। उन्होंने घटना पर गहरा आक्रोश जताते हुए इसे अमानवीय कृत्य बताया।
दोषियों की गिरफ्तारी की मांग
छत्तीसगढ़ नागरिक सुरक्षा वेलफेयर फाउंडेशन ने जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक एवं संबंधित विभाग के अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। संस्था ने कहा है कि गोवंशों को नहर में फेंकने वाले आरोपियों की जल्द पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए। साथ ही पशु क्रूरता निवारण अधिनियम सहित अन्य लागू कानूनी प्रावधानों के तहत दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
