nav Pradesh logo

क्या आपके दाम्पत्य जिंदगी में तो नहीं है ऐसी खट्टी-मिठी शिकायतें

Date : 09-Aug-18

News image
News image
News image
News image
<

जिन्दगीभर का साथ और हर सुख-दुख में साथ निभाने के वादे, लेकिन हर सम्भव व मुमकिन कोशिश के बावजूद इनके बीच छोटी-छोटी तकरारें और तू-तू-मैं-मैं हो ही जाती है। तो आईए जानते हैं, पति-पत्नी की खट्टी-मीठी शिकायतें।

संबंधित इमेज

ऑफिस जानेवाले पतियों को मोजे, घडी, रूमाल जैसी चीजों के लिए भी पत्नी की मदद चाहिए। अपने माता-पिता के आदर्श बेटे ये कहलाते हैं। पर शादी के बाद इनको फर्ज इतना रह जाता है कि पत्नी से पूछते रहें- अम्मा-बाबूजी ने खाना खा लिया! उन्हें दवा दे दी, डॉक्टर से बात कर ली, उनका चश्मा ठीक करवा दिया आदि-आदि।

ऑफिस में काम ये करें, जी हुजूरी हम बजाएं, जरा मेरी डायरी से एक नंबर देना, जरा अमुक फाइल से फलां एडे्रस देना और अगर फोन उठाने में देर हो गई, तो कहां गई थी, किसके साथ बिजी थी, जैसे हजार सवाल। घर आते ही पति महोदय टीवी का रिमोट हाथ में ले लेते हैं और पत्नी को भी बडे प्यार से पास बैठा लेते हैं। अब ये चैनल बदलते रहेंगे और आप इनको चेहरा देखती रहिए। जिस मिनट आपने कुछ देखना शुरू किया कि प्रोग्राम को बकवास कहकर चैनल बदल दिया जाएगा।

अपनी स्मार्टनेस को लेकर काफी गलतफहमी का शिकार रहते हैं। सोचते हैं कि पडोसी की बीवी इन पर फिदा है। भले ही तोंद बडी हो और सिर के बाल नदारद हों। बर्थडे या खास दिन भूल जाना इनकी आदत में शुमार है। यदि पत्नी ने नाराजगी जाहिर कर दी, तो मनाना तो दूर, काम का ऐसा बहाना बनाते हैं कि बेचारी पत्नी अपराधबोध से घिर जाती है।(एजेंसी)