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नक्सली कैंप के करीब लगाए एंबुश, सुबह होती ही किया ढेर, इनपुट के बाद डीआरजी और एसटीएफ के जवानों का था एक्शन प्लान

Date : 07-Aug-18

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बस्तर रेंज आईजी सिन्हा ने बताया पूरे अभियान का रहस्य

सुकमा (नवप्रदेश)/ कोंन्टा थानाक्षेत्र के नुल्कातोंग के घने जंगलों में सोमवार की सुबह डीआरजी और एसटीएफ की संयुक्त पार्टी ने 15 नक्सलियों को मार गिराया है। मारे गये सभी नक्सलियों की शिनाख्त कर ली गई है। वहीं गोमपाड़ को छोड़ सभी नक्सलियों के परिजन मंगलवार को जिला मुख्यालय पहुंच गये. देर शाम तक जिला अस्पातल के पीछे बने कक्ष में पोस्टमार्टेम किया गया। इधर पुलिस को मिली सफलता के बाद जवानों को हौसला बढ़ाने डीआईजी दंतेवाड़ा रतनलाल डांगी मंगलवार की सुबह सुकमा पहुंचे. मंगलवार को पुराना पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित पे्रसवार्ता में डीआईजी दंतेवाड़ा रतनलाल डंागी ने कहा कि बारिष में भी नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन जारी रहेगा। वर्तमान में भी अलग-अलग पुलिस पार्टियां नक्सल आप्स पर हैं। इस ऑपरेशन में शामिल डीआरजी और एसटीएफ के जवानों को दो लाख रूपये इनाम स्वरूप देने की घोषण की।  माओवादियों द्वारा 28 जुलाई से 3 अगस्त तक चलाये गये शहीदी सप्ताह के ठीक बाद सुकमा पुलिस ने बड़ी कार्यवाही की है. विषेष इनपुट पर भेज्जी थाना क्षेत्र और कोन्टा थाना क्षेत्र से डीआरजी और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने नक्सलियों को घेरने की योजना बनाई। कोंन्टा थाना क्षेत्र से 4 अगस्त की शाम डीआरजी की टीम आंध्र प्रदेश के सरेवल्ला गांव होते हुए बटेर पहुंची। यहां से बारिश में नदी-नाले उफान के होने के बाद भी जवानों ने दो रात और एक दिन चलकर निर्धारित स्थल पर पहुंचे। जवानों ने 5 और 6 अगस्त की दरमियानी रात को नक्सलियों के कैंप की तीन तरफ से घेराबंदी की। 

सुबह होने का इंतेजार किया और उजाला होते ही जवानों ने पहले नक्सलियों से समर्पण करने को कहा, लेकिन नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी और पुलिस को मजबूरन जवाबी कार्रवाई करनी पड़ी। जब से नक्सलियों के महफूज समझे जाने वाले इलाकेां में जवानों की धमक होने लगी है। नक्सली कभी भी एक जगह पर शरण नहीं ले रहे हैं।

लगातार अपना लोकेषन को बदलते रहते हैं।  नुल्कातोंग और दुरमा के जंगल और पहाड़ी के करीब नक्सलियों ने इलाके को महफूज समझते हुए अस्थाई कैंप लगाया था। दुर्गम और घने जंगल-पहाड़ी होने की वजह से नक्सलियेां ने कभी सपने में भी जवानों के पहुंचने की कल्पना नहीं की होगी। इसी वजह से नक्सली डीआरजी और एसटीएफ जवानों से घिर गये। सुबह 6 बजे के करीब जवानों ने अचानक हमल कर दिया। करीब डेढ़ घंटे तक चली फायरिंग के बाद बड़े कैडर के नक्सली जंगल का फायदा उठाते हुए मौके से भाग निकले। इस हड़बड़ाहट में नक्सलियों की मीलिशिया प्लाटॅन जवानों के निषाने पर आ गई। मुठभेड़ के बाद घटनास्थल की सर्चिंग करने पर मौके से 15 पुरूष नक्सलियों के शव और 16 देषी हथियार बरामद किये गये। 

ऑटोमेटिक वेपन से बरसाई गोलियों

सुबह जवानों को पास आता देख नक्सलियों ने ऑटोमेटिक वेपन से जवानों पर फायरिंग शुरू कर दी। इससे मौके पर नक्सलियों की मीलिट्रि बटालियन की टुकड़ी होने का अनुमान लगाया जा रहा है। डेढ़ से दो किमी तक घना जंगल और पहाड़ी होने का फायदा उठाते हुए बटालियन के सदस्य मौके से भागने में कामयाब हो गये। इधर मुठभेड़ के बाद जवानों ने नक्सलियों के शव करीब सात किमी ढोह कर लाया और उसके बाद टैऊैक्टर में लाद कर कोंन्टा पहुंचाया। 

एक सप्ताह में दो बार चुके, तीसरे में मिली सफलता

पुलिस अधीक्षक अभिषेक मीना ने बताया कि शहीद सप्ताह के दौरान सुरक्षाबलों द्वारा लगातार नक्सल गतिविधियों वाले इलाकों में सर्चिंग किया जा रहा था. उन्होने बताया कि दो बार इसी क्षेत्र में जवानों का मुकाबला नक्सलियों से हुआ था. दोनो बार नक्सली चूक गये. इस बार नये रणनीति के तहत नक्सलियों केा घेरने की योजना बनाई गई थी ताकि नक्सली फायरिंग के बाद मौके से भाग न सके. इसी रणनीति के तहत इस एनकाउंटर को अंजाम दिया गया है.एसपी अभिषेक मीना ने कहा कि मारे गये कई नक्सली अपराधिक मामलों में संलिप्त थे। जिनकें के खिलाफ जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में अपराध पंजीबद्ध हैं।  

 इनकी हुई शिनाख्त

मारे गये नक्सलियों की पहचान वंजामी हुंगा निवासी नुल्कातोंग, सीता निवासी गोमपाड़, सोड़ी प्रभु निवाी नुल्कातोंग, मड़कम टिंकू निवासी नुल्कातोंग, मुचाकी हिड़मा निवासी बेलपोच्छा, जोगा निवासी गोमपाडख़् मड़क्म हुंगा निवाी नुल्कातोंग, सेसा निवासी गोमपाड़, हिड़मा निवासी गोमपाड़, कड़ती हड़मा निवासी गोमपाड़, मुचाकी मुका निवासी नुल्कातोंग, मुचाकी देवा निवासी नुल्कातोंग, हुगा निवासी किंदरेलपाढ़ और बामन के रूप की हुई है। वहीं जवानों ने घटना स्थल से एक 315 बोर, एक पिस्टल, एक 12 बोर रायफल, 12 नग भरमार, एक नग कंट्रीमेड पिस्टल, एक नग 12 बोर का देषी कटटा, 15 नग पिटठू, एक नग पाईप बम, एक नग रेडियो, नक्सली वर्दी, 5 नग गे्रनेड, 30 नग डेटोनेटर, एक नग यूबीजीएल सेल, 4 नग तीर बम, सेफ्टी फ्यूज एक बंडल, एक बंडल कोर्डेक्स वायर और अन्य दैनिक उपयोगी समग्री बरामद की है।