इधर-उधर न फेंके सिम कॉर्ड आईडी कॉर्ड भी रखें संभाल कर

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जांजगीर-चांपा (नव प्रदेश)
अपराध करने के लिए फर्जी नाम.पते से खरीदे गए मोबाइल सिम का इस्तेमाल बढ़ गया है। इन मोबाइल सिम के जरिए ठगी और अपहरण जैसी घटनाएं की जा रही है।
अपराध करने के लिए फर्जी नाम.पते से खरीदे गए मोबाइल सिम का इस्तेमाल बढ़ गया है। इन मोबाइल सिम के जरिए ठगी और अपहरण जैसी घटनाएं की जा रही है। ऑनलाइन ठगीए एटीएम फ्रॉड व अन्य ठगी की वारदातों के अलावा धमकी और गाली.गलौज के लिए ऐसे मोबाइल सिम का उपयोग किया जा रहा है। मोबाइल सिम खरीदने के दौरान दस्तावेजों की जांच नहीं होती। पुलिस भी सिम बेचने वालों पर कार्रवाई नहीं कर पा रही है। इसके चलते फर्जी दस्तावेजों के आधार पर सिम खरीदकर अपराध करने वालों की संख्या बढ़ती जा रही है।
फर्जी दस्तावेजों के आधार पर खरीदे गए मोबाइल सिमों का सबसे से ज्यादा इस्तेमाल गांजा तस्कर और ऑनलाइन फ्रॉड करने वाले कर रहे हैं।गांजा का पार्सल पहुंंचाने के लिए जिन लोगों को मोबाइल दिया जाता हैए उनके सिम गलत नाम.पते से लिए गए होते हैं। इस कारण गांजा तस्कर के पकड़े जाने के बाद पुलिस मुख्य आरोपियों तक नहीं पहुंच पाती। गांजा तस्करी करने वाले भी काम होते ही सिम को नष्ट कर देते हैं।
गलत नाम.पते से मोबाइल सिम खरीदने के मामले सामने आने के बाद कई कंपनियों ने अपने ग्राहकों से आधार कार्ड मांगना शुरू कर दिया है। सिम खरीदने वालों को आधार कार्ड की फोटोप्रति देना आवश्यक कर दिया है।
से अधिक की राशि ठगने के लिए जिन मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल गिरोह ने किया थाए उनमें से अधिकांश गलत नाम.पते वाले थे। फर्जी पैन कार्डए वोटर आईडी और आधार कार्ड के आधार पर दर्जन भर मोबाइल सिम खरीदे गए थे।
युवक का अपहरण
करीब दो माह पहले के प्रापर्टी ब्रोकर युवक का में अपहरण कर लिया गया था। अपहरण करने से पहले जिस नंबर से उसे फोन किया थाए वह मोबाइल नंबर के नाम पर था।
मोबाइल सिम बेचते समय ग्राहक से फोटो के अलावा नाम.पता के लिए वैद्य दस्तावेज लेना आवश्यक है। इसमें आधार कार्डए वोटर कार्डए पैन कार्ड शामिल हैं। ज्यादातर मामले में दुकानदार दस्तावेज तो लेते हैंए लेकिन इन दस्तावेजों की सत्यता की जांच नहीं हो पाती। बाद में दस्तावेज देने वालों के नाम.पते गलत निकलते हैं।
ऑनलाइन एटीएम फ्रॉड करने वाले जिस मोबाइल नंबर से लोगों को ठगते हैंए वह फर्जी दस्तावेजों के आधार पर लिए गए होते हैं। इस कारण आरोपी ठगी करने में असफल होते हैंए तो गाली.गलौज करने लगते हैं। गलत नाम.पते के आधार पर मोबाइल सिम खरीदने के कई मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे सिम का इस्तेमाल ठगी और अन्य अपराधिक घटनाओं में इस्तेमाल किया जाता है। मोबाइल कंपनियों के अधिकारियों से इस संबंध में जल्द ही चर्चा की जाएगी

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