Month: September 2017

मुख्यमंत्री ने बच्चों के माता-पिता से मोबाइल पर बातचीत कर पूछा बच्चों का हाल-चाल

मुख्यमंत्री ने बच्चों के माता-पिता से मोबाइल पर बातचीत कर पूछा बच्चों का हाल-चाल

Chhattisgarh
रायपुर(नवप्रदेश)। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने आज विश्व हृदय दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री बाल हृदय योजना से लाभान्वित बच्चों के माता-पिता से मोबाईल पर बातचीत की और उनसे बच्चों के स्वास्थ्य और पढ़ाई-लिखाई के बारे में जानकारी प्राप्त की। ये वे बच्चे हैं, जिनके हृदय का आपरेशन सरकारी खर्चें पर हुआ है। मुख्यमंत्री ने आज इन बच्चों के अभिभावकों से बातचीत कर बच्चों के स्वास्थ्य की जानकारी ली। मुख्यमंत्री बाल हृदय सुरक्षा योजना के अंतर्गत इन बच्चों के हृदय का सफल ऑपरेशन हुए दो से आठ वर्ष का समय बीत गया है। मुख्यमंत्री ने इन बच्चों को स्वस्थ, सुदीर्घ और खुशहाल जीवन के लिए अपना आशीर्वाद प्रदान किया। दुर्ग के मोतीपारा निवासी श्री अमृत यादव ने अपने मोबाइल पर मुख्यमंत्री की आवाज सुन कर अचंभित रह गए। मुख्यमंत्री ने उन्हें बताया कि आज विश्व हृदय दिवस है। इस मौके पर वे मुख्यमंत्री बाल हृदय सुरक्षा योजना से ल
जिन स्कूलों में मरमत के नाम पर वाटर पु्रफिंग पेंट छतो में हो रहा वे भवन अब भी टपक रहे

जिन स्कूलों में मरमत के नाम पर वाटर पु्रफिंग पेंट छतो में हो रहा वे भवन अब भी टपक रहे

Chhattisgarh
उपयंत्री ने कहा मेरी जानकारी में काम नही, किसी भी घटिया काम का नही करूँगा मूलयांकन दंतेवाड़ा(नवप्रदेश)। दंतेवाड़ा जिले के डीएमएफ मद से विकासखण्ड कुआकोंडा के विभिन्न स्कूलों की छत मरम्मत कार्य मे गड़बड़ी की खबर नवप्रदेश ने प्रमुखता से उठाई थी। जिस पर जिला अधिकारी ने जांच के आदेश भी सम्बन्धित विभाग को दिए है। इसी तरह से मदाडी स्कुलभवन में भी किसी महिला ठेकेदार ने बिना पंचायत सहमति के लाल पैंट बारिश में छत न टपके इसलिए मरम्मत के नाम से लगा गयी । पर छत के हालात तो अब भी वैसे ही छत के ऊपर ढेरो पानी का जमाव है जो भवन के नीचे तक बह रहा है। स्कूल की फर्श पूरी तरह पानी से भरी हुई है। वही मदाडी के ग्रामीण राजेश की माने तो छत मरम्मत का काम महज 7 दिन पहले ही हुआ है। पर इसका कोई फायदा नही मिल रहा है। वही जनपद कुआकोंडा उपयंत्री ताम्रकर से हमने बात की तो उन्होंने साफ कहा कि जब निर्माण कार्य शुरू हुआ तो
स्पिनरों के बचाव में उतरे विराट

स्पिनरों के बचाव में उतरे विराट

Sports
बेंगलुरू । भारतीय क्रिकेट टीम को उसके 'परफेक्ट 10Ó से रोकने वाली आस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम से चौथे वनडे में मिली हार के बाद कप्तान विराट कोहली ने टीम के स्पिनरों का बचाव किया है। लगातार नौ मैच जीतने के बाद टीम इंडिया अपनी 10वीं जीत से चूक गयी और बेंगलुरू में 21 रन से उसे मेहमान टीम ने पराजित किया। हालांकि पांच मैचों की सीरीज़ पर भारत पहले ही 3-1 से कब्जा कर चुका है। पिछले तीन मैचों में जीत में अहम भूमिका निभाने वाले गेंदबाज़ इस बार काफी महंगे साबित हुये और अक्षर पटेल, युजवेंद्र चहल, केदार जाधव ने काफी रन लुटाये। लक्ष्य का पीछा करते हुये भारतीय टीम के ओपनरों अजिंक्या रहाणे और रोहित शर्मा ने अच्छी शुरूआत दिलाई लेकिन भारत अपने अच्छे प्रयास के बावजूद जीत से मात्र 21 रन दूर 313 का स्कोर ही बना पाया। इस मैच में विराट ने अपने पिछले विजयी क्रम में तीन बदलाव भी किये थे और उमेश यादव, मोहम्मद शमी तथा
खाने को दाना नही, बच्चे गांव से मांगकर खा रहे खाना

खाने को दाना नही, बच्चे गांव से मांगकर खा रहे खाना

Chhattisgarh
दंतेवाड़ा (नवप्रदेश) सुनकर भी रोंगटे खड़े हो जाए हालात देख आश्रम के जहाँ आदिवासी बच्चों को आवासीय आश्रम में चावल और नमक खाने को छोड़ दिया गया है। दंतेवाड़ा जिले विकासखण्ड कुआकोंडा में संचालित मदाड़ी बालक आश्रम में अध्ययनरत बच्चों को आश्रम की तरफ से नमक और चावल दिया जा रहा है। नवप्रदेश की टीम ने जब आश्रम की हालत देखी तो तस्वीरे चौकाने वाली थी। आश्रम अधीक्षक नदारद, भृत्य गायब, भूखे नौनिहाल खुद भोजन बना रहे मदाड़ी बालक आश्रम में प्राथमिक स्तर के 50 बच्चे दर्ज है। जो कि अतरिक्त कक्ष में चलाया जा रहा है। बच्चो के सोने वाले कमरे में 17 बिस्तर है। हर बिस्तर पर 3 बच्चे सोते है। जैसे तैसे अगर बच्चे रहते भी है। तो बिस्तर फ़टे, मच्छरदानिया फटी, टूटे पलंग भविष्य की तस्वीर को दिखाने वाले नौनिहालो के मुकद्दर में आश्रम में मिल रहा है। दशहरा के अवकाश के चलते वैसे तो अधिक बच्चे अपने घरों को चले गये है।
बची फसल पर कीट का प्रकोप शुरु

बची फसल पर कीट का प्रकोप शुरु

Chhattisgarh
देवभोग. (नव प्रदेश) अंचल के किसान इन दिनों कीट के प्रकोप से बहुत ज्यादा परेशान है। ब्लाक में खंड वर्षा के चलते अकाल जैसी स्थिति निर्मित हो गई है,वहीं जहां पानी की अच्छी व्यवस्था है,वहीं फसल कुछ हद तक ठीक हुई है। ऐसी जगहों पर कीट के प्रकोप के चलते किसानों की परेशानी बढ़ गई है। इन दिनों वैसे भुरा माहु,बंकी गैंदी बांग बीमारी फसल में देखी जा रही है। किसान इन बीमारियों को दूर करने में दवा की तलाश में दुकानों में भटकते नजर आ रहे है। वहीं देवभोग ब्लाक को इस बार सूखा घोषित नहीं किए जाने के चलते किसानों की परेशानी भी बढ़ गई है। बची कुछ फसल को किसान सजेहने में लगे हुए है,लेकिन कीट के बढ़ते प्रकोप के चलते फसल भी पूरी तरह से खराब होती दिख रही है। देवभोग ब्लाक के करीब 90 गांवों में कीट का प्रकोप इस बार नजर आ रहा है। कीट के प्रकोप से परेशान हो चुके टीकरापारा के किसान गुंनधर मांझी बताते हैं कि खंड वर्षा
मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह से बातचीत कर गदगद हुआ नईम का परिवार : मुख्यमंत्री बाल हृदय सुरक्षा योजना ने बचाई थी बेटी आफरीन की जिंदगी

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह से बातचीत कर गदगद हुआ नईम का परिवार : मुख्यमंत्री बाल हृदय सुरक्षा योजना ने बचाई थी बेटी आफरीन की जिंदगी

Chhattisgarh
जगदलपुर. (नव प्रदेश) दो वर्ष पहले बेटी आफरीन के दिल का इलाज मुख्यमंत्री बाल हृदय सुरक्षा योजना के माध्यम से कराकर उसकी जिंदगी बचाई थी। विश्व हृदय दिवस के अवसर पर आज जब स्वयं मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने उनके मोबाईल पर बातचीत की और बेटी आफरीन का हालचाल पुछा तब नईम और उनकी पत्नी का दिल गदगद हो गया और उन्होंने आफरीन की जिंदगी बचाने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह का आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने नईम से बातचीत के दौरान आफरीन का स्वास्थ्य का हालचाल जानने के साथ ही पढ़ाई-लिखाई के संबंध में भी बातचीत की। मुख्यमंत्री ने आफरीन के स्वस्थ्य होने की खबर पर संतोष व्यक्त करते हुए उसके उज्जवल भविष्य की कामनाएं भी व्यक्त कीं। मुख्यमंत्री ने आफरीन को खेलकूद पर भी ध्यान देने को कहा, जिससे उसका सतत विकास हो। आफरीन की माता ने भी मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह से बातचीत की और बेटी आफरीन को नवजीवन प्र
स्टॉलों में दिखी शासन की योजनाएं और विकास की झलक

स्टॉलों में दिखी शासन की योजनाएं और विकास की झलक

Chhattisgarh
जगदलपुर. (नव प्रदेश) बस्तर दशहरा लोकोत्सव में विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों में शासन की योजनाओं और विकास की झलक दिखाई दे रही है, जिसे लोकोत्सव में पहुंचने वाले ग्रामीण और नागरिक बड़ी उत्सुकता के साथ देख रहे हैं। बस्तर अंचल अब करवट बदल रहा है और परम्परागत खेती से आधुनिक खेती की ओर कदम बढ़ा रहा है। कृषि विभाग द्वारा लगाए गए स्टॉल में समन्वित कृषि को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों का मॉडल दिखाया गया है। यहां कृषि फसल के साथ ही सब्जी और फल की खेती, मुर्गीपालन, बकरीपालन, दुग्ध उत्पादन, मछलीपालन के माध्यम से किसानों के जीवन में आ रही खुशहाली को दिखाया गया है। इसके साथ ही नदी-नालों के किनारे विद्युत लाईन विस्तार, दुर्गम क्षेत्रों में सौर सुजला योजना के माध्यम से दोफसली खेती को बढ़ावा, जल संरक्षण के लिए लूज बोल्डर चेक डेम, शाकम्भरी योजना के तहत पम्प, किसान समृद्धि योजना के तहत न
केन्द्र शासन छत्तीसगढ़ को देगा चार पुरस्कार

केन्द्र शासन छत्तीसगढ़ को देगा चार पुरस्कार

Chhattisgarh
दुर्ग (नव प्रदेश) इसमें दुर्ग निगम का बतख पालन, और मछली मार्केट को जीरो वेस्ट परियोजना तथा अंबिकापुर के स्व-सहायता केटेगिरी अंतर्गत ठोस अपशिष्ट परियोजना, व स्वच्छ स्कूल केटेगिरी के तहत् कस्तूरबा बालिका एवं अभिनव केटेगिरी में एम सी सी रिक्शा के वैज्ञानिक डिजाइन हेतु सूडा छत्तीसगढ़ का चयन किया गया है । महापौर श्रीमती चंद्रिका चंद्राकर व आयुक्त महोदय एस के सुन्दरानी ने इस उपलब्धि के लिए दुर्ग वासियों और पूरी टीम को बधाई देते हुये कहा यह हमारे प्रदेश के लिए गौरव का विषय है । केन्द्र शासन ने छत्तीसगढ़ प्रदेश के इन परियोजनाओं को सराहा है और इसके लिए पुरस्कृत कर रहें हैं । उन्होंने बताया स्वच्छता दिवस 2 अक्टूबर को विज्ञान भवन नई दिल्ली में माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी व्दारा स्वच्छता सहायता समूहों की महिलाओं, स्कूल की बालिकाओं, एवं सूडा टीम को पुरस्कृत करेंगे ।
वर्ष में केवल दशहरे के दिन खुलता है यह देवी मंदिर

वर्ष में केवल दशहरे के दिन खुलता है यह देवी मंदिर

Chhattisgarh
इस स्थान को माना जाता है कंकाली माता का मायका रायपुर(नवप्रदेश)। शक्ति पर्व के आज अंतिम दिन जहां माता के भक्तों का देवी मंदिरों में तांता लगा रहा तो वहीं कल विजयादशमी पर्व के अवसर पर साल में केवल एक बार खुलने वाले देवी मंदिर के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं में खासा उत्साह नजर आ रहा है। इस मंदिर को शहर के प्राचीन कंकाली माता का मायका भी माना जाता है। राजधानी रायपुर के प्राचीन कंकाली माता मंदिर से करीब दो सौ मीटर की दूरी पर स्थित एक ऐतिहासिक मंदिर के दरवाजे केवल कल दशहरा पर्व के अवसर पर ही दर्शनार्थ खुलते हैं, इसके पश्चात इस मंदिर के दरवाजे पूरे वर्ष भर के लिए फिर से बंद कर दिए जाते हैं। इस प्राचीन मंदिर के बारे में काफी कम लोगों को ही जानकारी हो पाई है। लेकिन जिन लोगों को इसकी जानकारी है, वो हर साल यहां माथा टेकने जरूरत पहुंचते हैं। इस मंदिर में आज भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं
ज्वॉरा व ज्योति कलश विसर्जन प्रारंभ

ज्वॉरा व ज्योति कलश विसर्जन प्रारंभ

Chhattisgarh
रायपुर (नवप्रदेश)। शारदीय नवरात्रि के अंतिम नवमीं के दिन ज्वॉरा व ज्योति कलश विसर्जन का आयोजन प्रारंभ हो गया। राजधानी के कई मंदिरों से सुबह 11 बजे से ज्वॉरा व ज्योति कलश यात्रा निकालकर शहर के विभिन्न तालाबों व महादेव घाट स्थित विसर्जन कुंड में इसका विसर्जन किया जा रहा है। शारदीय नवरात्रि में राजधानी के समस्त देवी सहित कई देवों के मंदिरों में भी ज्वारा व ज्योति कलश की स्थापना की गई है। नवरात्रि के पहले दिन से स्थापित किया गया ज्वारा व ज्योति कलश को नवरात्र के अंतिम दिन यानी नवमीं के दिन से इनका विसर्जन कार्यक्रम प्रारंभ हो जाता है जो नवमीं के दूसरे दिन दशमीं तक चलता है। शहर के कई मंदिरों में प्रज्जवलित ज्योति कलश व ज्वॉरा विसर्जन होना आज सुबह से प्रारंभ हो गया जो शनिवार तक जारी रहेगा। इधर एक ओर जहां ज्योति कलश व ज्वॉरा विसर्जन किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर अनेकों स्थानों पर विराजित की गई मा